छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले की एक विवाहिता ने ससुराल में उसपर हुए क्रूरता की जो कहानी सुनाई उसे सुनकर किसी के भी रोंगटे खड़े हो जाए l मायके पहुचने के बाद पुलिस के सामने उसने ससुराल में हुई मारपीट, 7 दिनों तक बंधक बनाए रखने और वहां से जिंदा बचकर मायके आने की पीड़ा सुनाई। पीड़िता ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि उसके पति का किसी और महिला से संबंध है। जब उसने इसका विरोध किया तो उस पर अत्याचारों की हद पार कर दी गई।
महिला का आरोप है कि उसकी सास और ससुर ने मिलकर उसके मुंह में कपड़ा ठूंस दिया, हाथ-पैर रस्सियों से कसकर बांध दिए। इसके बाद उबलते पानी से उसका चेहरा झुलसा दिया और गर्म चिमटे से शरीर को दागा गया।
पीड़िता ने बताया कि उसका पति एक स्कूल में शिक्षक है, और उसी स्कूल की एक युवती से उसके प्रेम संबंध हैं। जब उसने यह बात उजागर की तो उस पर यह वहशी हमला किया गया।
जानिए पूरा मामला –
पीड़िता का नाम रितु तिवारी है। वह त्रिकुंडा थाना के शारदापुर की रहने वाली है। पीड़िता की शादी 2016 में शारदापुर निवासी आकाश तिवारी से हुई थी। आकाश तिवारी वाड्रफनगर में एक कोचिंग सेंटर चलाने के साथ-साथ कॉलेज में पढ़ाता भी है।
रितु तिवारी के मुताबिक, पति आकाश तिवारी अंबिकापुर में श्रद्धा मिश्रा नाम की महिला के साथ पति-पत्नी की तरह रह रहा है। रितु ने इसका विरोध किया और पहले भी दहेज उत्पीड़न को लेकर शिकायतें कीं, तब से उसके साथ क्रूरता का सिलसिला और तेज हो गया। धीरे-धीरे यह मानसिक उत्पीड़न शारीरिक हिंसा में बदल गया।
3 जुलाई 2025 की रात को उसके पति आकाश तिवारी, सास ताराबती और ससुर हरिशंकर तिवारी ने मिलकर उसे कमरे में बंद कर दिया। उसका मोबाइल छीन लिया गया। इस दौरान तीनों ने मिलकर उसके हाथ-पांव बांध दिए। उसके शरीर को गर्म चिमटे से दागा। मुंह में कपड़ा ठूंसकर गर्म पानी में उसका चेहरा डुबाया, ताकि वह चिल्ला न सके।

बेटी ने छुड़ाई रस्सियां, पिता ने थाने में दर्ज कराई FIR
बंधक बनी रितु किसी तरह अपनी छोटी बेटी को समझा पाई और रस्सियां खुलवाई। 12 जुलाई तक वह इसी बंद कमरे में पीड़ा सहती रही। उसी दौरान किसी पड़ोसी या परिचित से जानकारी पाकर रितु के पिता आलोपी पांडेय शारदापुर पहुंचे।
बेटी की हालत देख वे स्तब्ध रह गए। वे रितु को अपने साथ घर रघुनाथ नगर ले आए। 18 जुलाई को त्रिकुंडा थाना पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई।
थाना प्रभारी व्यास नारायण चुरेंद्र ने बताया कि पीड़िता पहले भी रघुनाथनगर थाने में दर्ज करा चुकी थी। शादी के बाद उसे कम दहेज लाने को लेकर पति और सास-ससुर प्रताड़ित करते थे। अब पीड़िता के साथ क्रूरता की गई है।
थाना प्रभारी व्यास नारायण ने बताया कि रितु तिवारी की शिकायत पर आकाश तिवारी (30), ससुर हरिशंकर तिवारी (75) और सास ताराबती तिवारी (65) को हिरासत में लिया गया। इस दौरान आरोपियों से पूछताछ की गई। तीनों आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
कोर्ट में सभी को पेश किया गया। सुनवाई के बाद कोर्ट ने आकाश तिवारी, ससुर हरिशंकर तिवारी और सास ताराबती तिवारी को जेल भेज दिया है। पीड़िता का इलाज चल रहा है। मामले की जांच जारी है।









