Home चर्चा में हरेली अमावस्या क्या करें, क्या न करें।।।

हरेली अमावस्या क्या करें, क्या न करें।।।

3
0

रवि परिहार रतनपुर….24 जुलाई को गुरु पुष्य नक्षत्र भी संध्या से है।।
श्रावण मास की अमावस्या पर कुंडली और जीवन से जुड़े तमाम तरह के दोषों को दूर करने के लिए पूजा के कौन से उपाय प्रभावी माने गये हैं?
इस दिन किस कार्य को करना और किस कार्य को भूलकर भी नहीं करना चाहिए।
इस दिन किन कामों की है सख्त मनाही🌷
सावन अमावस्या के दिन इन नियमों की न करें ।पवित्र श्रावण मास को शिव की साधना के लिए सबसे उत्तम माना गया है. इस मास में तमाम पर्वों के साथ जो अमावस्या पड़ती है, उसे हरियाली अमावस के नाम से जाना जाता है।
अमावस्या तिथि को मंत्र सिद्धि, पितृ कार्य और स्नान-दान आदि के लिए फलदायी माना गया है. पंचांग के अनुसार श्रावण मास की अमावस्या तिथि इस साल 24 जुलाई को प्रात:काल 02:28 बजे से प्रारंभ होकर 25 जुलाई 2025 को पूर्वाह्न 12:40 बजे तक रहेगी. ऐसे में उदया तिथि के अनुसार स्नान-दान और पितृपूजा आदि कार्य के लिए 24 जुलाई 2025 को ही अमावस्या मान्य होगी।
आइए जानते हैं कि श्रावण अमावस्या के दिन शुभ फल की प्राप्ति के लिये क्या करना और अशुभ फल से बचने के लिए क्या नहीं करना चाहिए।
श्रावण अमावस्या में क्या न करें 🌷
सनातन परंपरा में न सिर्फ श्रावण बल्कि अन्य मासों में भी पड़ने वाली अमावस्या को लेकर कुछेक नियम बताए गये है।जैसे अमावस्या के दिन शुभ कार्यों को करने की मनाही है. ऐसे में इस दिन किसी भी प्रकार के मांगलिक कार्य से बचें। इस दिन व्यक्ति लंबे समय से वीरान और बंद पड़े अंधेरे स्थान पर नहीं जाना चाहिए।
इसी प्रकार अमावस्या के दिन किसी का प्रयोग हुआ कपड़े, जूते अथवा अन्य कोई सामान नहीं लेना चाहिए।
अमावस्या के दिन व्यक्ति को किसी के साथ वाद-विवाद से बचना चाहिए।
शास्त्रों में अमावस्या के दिन केश और नाखून काटने की भी मनाही है.
श्रावण अमावस्या में क्या करें 🌷
श्रावण अमावस्या के दिन नदी अथवा सरोवर तीर्थ आदि पर स्नान-ध्यान और दान करना अत्यंत ही पुण्यदायी माना गया है।
श्रावण मास की अमावस्या पर पेड़-पौधे लगाना तथा दान करना अत्यंत ही शुभ माना गया है. ऐसे में इस दिन आप अपने पितरों की याद में पौधे लगाकर उनका आशीर्वाद प्राप्त कर सकते हैं।
यदि आपकी कुंडली में पितृ दोष है तो पितरों के लिए श्राद्ध तथा उनके नाम से जरूरतमंद लोगों को धन और अन्न आदि का दान करना चाहिए।
श्रावण मास की अमावस्या के दिन गाय को चारा खिलाएं तथा उनकी सेवा करें।
श्रावण अमावस्या के दिन खराब सामान घर से निकाल कर पूरे घर में दीये आदि से प्रकाश करना चाहिए. इस दिन घर के मुख्य द्वार पर दीया जरूर जलाएं।
कुंडली में कालसर्प दोष के अशुभ प्रभाव को दूर करने के लिए श्रावण अमावस्या के दिन विधि-विधान से रुद्राभिषेक करें।
दैवज्ञ पण्डित रमेश शर्मा।।
श्री मंगलागौरी मन्दिर धाम शंकराचार्य आश्रम पोड़ी रतनपुर छत्तीसगढ़।।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here