(जांजगीर चांपा- संवाददाता राजेन्द्र जयसवाल)
जिला पंचायत जांजगीर-चाम्पा अंतर्गत विभिन्न जनपद पंचायतों एवं ग्राम पंचायतो में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत नियुक्त आवास मित्र (समर्पित मानव संसाधन) बीते 8 से 9 महीनों से लगातार कार्य कर रहे हैं, लेकिन आज तक इन्हें कोई भी प्रोत्साहन राशि प्रदान नहीं की गई है। इससे आवास मित्रों में गहरी नाराजगी और निराशा व्याप्त है। इसने कल सामूहिक रूप उस्थित होकर जिला पंचायत सीईओ, और कलेक्टर को ज्ञापन सौपा गया
इन आवास मित्रों की जिम्मेदारी आवास निर्माण कार्य की निगरानी, फोटो अपलोड, स्थल सत्यापन, लाभार्थियों का मार्गदर्शन एवं तकनीकी सहयोग देना होता है। इसके लिए जिला पंचायत द्वारा दिनांक 05 सितंबर 2024 को पत्र क्रमांक 11086/PMAY-G/जि.प./2024-25 जारी किया गया था, जिसमें यह स्पष्ट रूप से उल्लेखित था कि प्रति पूर्ण आवास पर ₹300 ले-आउट, ₹300 छत ढलाई, और ₹400 रंगाई-पुताई के आधार पर प्रोत्साहन राशि का भुगतान 12 माह के भीतर किया जाएगा।
लेकिन भले ही अधिकांश जनपदों में 50% से अधिक आवासों का कार्य पूर्ण हो चुका है, फिर भी कोई भी भुगतान अब तक नहीं हुआ है। जिससे आवास मित्रों को आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
एक आवास मित्र ने नाम न छापने की शर्त पर बताया:
“हम दिन-रात ग्रामीण क्षेत्रों में मेहनत कर रहे हैं, डिजिटल ऐप पर फोटो अपलोड करना, समय-सीमा में कार्य दिखाना – यह सब बिना किसी मानदेय के करना अब मुश्किल हो गया है। हमारे काम को सम्मान मिले, यही हमारी उम्मीद है।”
इस विषय पर जब जिला पंचायत के अधिकारियों से संपर्क किया गया, तो उन्होंने बताया कि
“प्रोत्साहन राशि की प्रक्रिया प्रगति के आधार पर की जा रही है, तकनीकी सत्यापन के बाद भुगतान किया जाएगा।”
हालांकि, स्थानीय पंचायत स्तर पर तकनीकी कर्मचारियों की कमी और संसाधनों की अनुपलब्धता के चलते यह प्रक्रिया बार-बार टल रही है।
अब आवास मित्रों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि
शीघ्र प्रोत्साहन राशि का भुगतान किया जाए।
पारदर्शी और समयबद्ध प्रणाली बनाई जाए।
आने वाले समय में स्थायित्व और मानदेय की स्पष्ट व्यवस्था की जाए।
यदि प्रशासन ने शीघ्र कोई ठोस कदम नहीं उठाया, तो आवास मित्र सामूहिक रूप से आंदोलन या कार्य बहिष्कार की ओर कदम बढ़ा सकते हैं।









