हिमाचल प्रदेश में बरसात से भारी तबाही
हिमाचल प्रदेश में जून से लगातार हो रही मॉनसून बारिश, भूस्खलन और फ्लैड से अब तक 355 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है, और 49 अभी भी लापता हैं ।
राज्य में ₹4,079 करोड़ के बराबर का नुकसान हुआ है ।
चंबा जिले में मनिमाहेश यात्रा पर आए तीर्थयात्रियों की ए.आई.एफ. द्वारा बड़ी एयरलिफ्टिंग कर बचाव किया गया, लेकिन कई लोग अभी भी दूरदराज इलाकों में फंसे हुए हैं ।
900 से अधिक सड़कें, जिनमें तीन राष्ट्रीय राजमार्ग शामिल हैं, बंद हैं; बिजली और जल आपूर्ति पर भी गहरा असर पड़ा है ।
अगले दिनों (7 से 12 सितंबर तक) हिमाचल में हल्की से मध्यम बारिश की आशंका है ।

पंजाब में सबसे भयंकर बाढ़, केंद्र-राज्य में टकराव
पंजाब में पिछले चार दशकों में सबसे भयंकर बाढ़ आई है। 46 लोगों की मौत, 23 जिलों के लगभग 1.998 गांव प्रभावित, और लगभग 3.87 लाख लोग इस आपदा से प्रभावित हुए हैं ।
कृषि को भारी क्षति हुई: 1.72 लाख हेक्टेयर खेत जलमग्न, विशेषकर गार्डसपुर, अमृतसर, फिरोजपुर व फाजिल्का में। 2,000 गांवों में व्यापक नुक़सान हुआ है ।
राहत अभियान जारी: 22,000 से अधिक लोग बचाए गए, 200 से अधिक राहत शिविर स्थापित किए गए, NDRF व SDRF की टीमें, 24 एयरफ़ोर्स/हेलीकॉप्टर, 144 नावों, 24 आर्मी कॉलम एवं BSF समर्थन में जुटे हैं ।
पंजाब सरकार ने तुरंत ₹71 करोड़ राहत के रूप में आवंटित किए, और कई विधायक अपनी एक महीने की तनख्वाह देने को तैयार हुए; पर वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने केंद्र पर ₹60,000 करोड़ बकाया मुआवज़े के अनुरोध पर कोई प्रतिक्रिया न देने का आरोप लगाया है ।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार को राज्य का दौरा कर राहत कार्यों की समीक्षा करेंगे ।
उत्तराखंड में बादल फटने (क्लाउडबर्स्ट) के बाद तबाही
उत्तराखंड ने अप्रैल–अगस्त 2025 में दर्ज हुई आपदाओं के मद्देनज़र केंद्र से ₹5,702 करोड़ का राहत पैकेज मांग किया है, जिसमें से ₹3,758 करोड़ आपदा संवेदनशील परिसंपत्तियों को सुदृढ़ करने में खर्च होने हैं ।
राज्य में 79 लोगों की मौत, 115 घायल, और 90 लापता हैं; लगभग 3,953 पशु मरे और कई घर व इमारतें क्षतिग्रस्त हुईं ।
अगस्त में उत्तरकाशी, स्यानचट्टी जैसी जगहों पर क्लाउडबर्स्ट और फ्लैड-बाढ़ की घटनाएं ज़ोरों पर रहीं, जिससे व्यापक जनहानि और अवसंरचना को भारी नुकसान हुआ है ।
हिमाचल प्रदेश में 350+ मौतें, ₹4,079 करोड़ की आर्थिक क्षति और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान; राहत ऑपरेशन सक्रिय, बारिश की आशंका बनी हुई।
पंजाब में पिछले 50 वर्ष में सबसे भयंकर बाढ़ — 46 मौतें, लाखों लोग प्रभावित, व्यापक राहत प्रयास, और केंद्र के साथ टकराव।
उत्तराखंड ने बड़े पैमाने पर मानवीय और भौतिक नुकसान के बाद केंद्र से राहत की मांग की है।









