हर साल 4 अक्टूबर को विश्व पशु कल्याण दिवस मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य पशुओं के प्रति दया, संवेदनशीलता और उनके अधिकारों के संरक्षण को बढ़ावा देना है। यह दिन सिर्फ पालतू जानवरों के नहीं, बल्कि हर उस जीव के लिए है जो हमारे इस ग्रह का हिस्सा है — चाहे वो जंगल में हो, खेतों में, सड़कों पर या किसी आश्रय गृह में।
इस दिवस की शुरुआत 1931 में हुई थी, जब इटली में एक पर्यावरण सम्मेलन में इसकी नींव रखी गई थी। इसका मकसद विलुप्त होते जानवरों के प्रति जागरूकता फैलाना था, लेकिन आज यह हर पशु के सम्मान और सुरक्षा से जुड़ा आंदोलन बन चुका है।
आज के समय में पशुओं के साथ क्रूरता, अवैध व्यापार, और प्राकृतिक आवासों का विनाश गंभीर चिंता का विषय हैं। विश्व पशु कल्याण दिवस हमें यह याद दिलाता है कि पशु भी इस धरती पर समान अधिकार के साथ रहते हैं। हमें उनकी रक्षा, उचित देखभाल और सम्मान के लिए काम करना चाहिए।
क्या कर सकते हैं हम?
– सड़कों पर बेसहारा जानवरों को खाना देना या उनका इलाज करवाना।
– पालतू जानवरों के पालन में जिम्मेदारी बरतना।
– पशु क्रूरता के खिलाफ आवाज़ उठाना।
– NGOs और पशु आश्रय संस्थानों से जुड़कर योगदान देना।









