बीजापुर-
सामान्य वन विभाग की टीम ने जिले में लकड़ी तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। बीजापुर शहर में अवैध रूप से जमा सागौन लकड़ी का विशाल भंडार पकड़ा गया है। यह छापा न्यू पुलिस लाइन के सामने और भट्टीपारा स्थित डेयरी फार्म परिसर में मारा गया, जहां से दो टिप्पर और करीब छह घनमीटर कीमती सागौन लकड़ी जब्त की गई है।
वन विभाग को लंबे समय से इस इलाके में अवैध लकड़ी कारोबार की सूचनाएं मिल रही थीं। इन्हीं शिकायतों के आधार पर सोमवार देर रात विशेष टीम गठित की गई, जिसने तड़के कार्रवाई शुरू की और यह पूरा भंडार बरामद किया।
साठगांठ की जांच शुरू, कई फर्नीचर दुकानों पर छापेमारी
इस कार्रवाई के बाद विभाग ने जिला मुख्यालय के कई फर्नीचर मार्टों में भी तलाशी अभियान शुरू कर दिया है। जिस स्थान से लकड़ी बरामद हुई, वह पुलिस लाइन से सटा हुआ और सुरक्षित क्षेत्र माना जाता है। ऐसे में विभागीय कर्मचारियों और तस्करों की मिलीभगत की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता।
स्थानीय सूत्रों का कहना है कि इतनी बड़ी मात्रा में लकड़ी जमा होना बिना विभागीय संलिप्तता के संभव नहीं है। मामले में रेंजर, बीट गार्ड सहित अन्य अधिकारियों की भूमिका की जांच की जा रही है।
“लगभग छह घनमीटर लकड़ी बरामद हुई” – वन मंडलाधिकारी
वन मंडलाधिकारी एन. रंगनाथन ने बताया कि,
“हमें देर रात गुप्त सूचना मिली थी कि कुछ स्थानों पर अवैध लकड़ी रखी गई है। सूचना के आधार पर टीम रवाना की गई और सुबह से कार्रवाई शुरू कर दी गई। फिलहाल दोनों स्थानों से करीब छह घनमीटर सागौन लकड़ी बरामद की गई है। लकड़ी को जब्त कर माप-जांच की जा रही है, जिसके बाद सटीक मूल्य और मालिक का पता लगाया जाएगा।”
जांच जारी
वन विभाग की टीम अब बरामद लकड़ी के स्रोत, आपूर्ति श्रृंखला और संबंधित व्यक्तियों की जानकारी जुटा रही है। प्रारंभिक जांच के बाद कई और ठिकानों पर छापेमारी की संभावना जताई जा रही है।









