रायपुर संवाददाता – रघुराज
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में लंबे समय से सक्रिय और पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज कुख्यात हिस्ट्रीशीटर व सूदखोर तोमर बंधुओं पर आखिरकार कानून का शिकंजा कस गया है। पुरानी बस्ती थाना पुलिस और क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम ने फरार चल रहे भाईयों में से एक वीरेंद्र तोमर उर्फ रुबी तोमर को मध्यप्रदेश के ग्वालियर से गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। इस कार्रवाई के बाद पुलिस को अब उसके दूसरे भाई और गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश तेज करने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, तोमर बंधु बीते कई सालों से रायपुर के अलग-अलग इलाकों में सूदखोरी और दबंगई के मामलों में बदनाम रहे हैं। दोनों भाइयों पर अवैध वसूली, धमकी और मारपीट जैसे कई गंभीर मामले दर्ज हैं। पुलिस को लगातार शिकायत मिल रही थी कि ये दोनों भाई आम लोगों को ऊंचे ब्याज पर पैसे उधार देते हैं और समय पर रकम न लौटाने पर धमकी, गाली-गलौज और कब्जे की कोशिश तक करते हैं।
पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र और आसपास के इलाकों में तोमर बंधु का नाम एक डर के रूप में लिया जाता था। पुलिस ने बताया कि पिछले कुछ महीनों में इन दोनों के खिलाफ कई नए केस दर्ज हुए, जिनमें आर्थिक शोषण से लेकर जमीन कब्जाने तक के आरोप शामिल हैं। स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी थी कि कई पीड़ितों ने प्रदेश के वरिष्ठ अधिकारियों और सरकार से भी सीधे शिकायत की थी।
करीब तीन हफ्ते पहले पुलिस ने इनके ठिकानों पर लगातार दबिश दी थी, लेकिन दोनों भाई तब फरार हो गए थे। इसके बाद रायपुर पुलिस ने विशेष टीम गठित कर उत्तर भारत के कई शहरों — ग्वालियर, आगरा और झांसी तक उनकी तलाश चलाई। इस दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि रुबी तोमर किसी रिश्तेदार के घर ग्वालियर में छिपा है। स्थानीय पुलिस की मदद से रायपुर पुलिस ने बुधवार देर रात एक संयुक्त कार्रवाई कर उसे वहां से हिरासत में ले लिया।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को रायपुर लाया गया है, जहां उससे पूछताछ जारी है। पुलिस का कहना है कि रुबी तोमर से कुछ ऐसे दस्तावेज और मोबाइल रिकॉर्ड मिले हैं जिनसे कई और खुलासे होने की संभावना है। वहीं, उसके भाई और गैंग के अन्य लोगों की तलाश के लिए पुलिस टीम को प्रदेश के अलग-अलग जिलों और मध्यप्रदेश के सीमावर्ती इलाकों में भेजा गया है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह कार्रवाई मुख्यमंत्री और डीजीपी के निर्देश पर चल रहे अभियान का हिस्सा है, जिसके तहत शहर में सक्रिय सूदखोरों और गैंगस्टर्स पर सख्त कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने साफ कहा है कि अवैध वसूली के किसी भी गिरोह को अब बख्शा नहीं जाएगा।
स्थानीय निवासियों ने पुलिस की इस कार्रवाई पर संतोष जताया है और उम्मीद की है कि इससे शहर में लंबे समय से फैला सूदखोरी का जाल टूटेगा। फिलहाल रुबी तोमर को न्यायिक हिरासत में भेजे जाने की प्रक्रिया चल रही है, जबकि उसके फरार भाई की तलाश के लिए रायपुर पुलिस ने नई टीम गठित कर दी है।









