बस्तर संवाददाता – अर्जुन झा
बकावंड थानेदार ने पेश की कम्युनिटी पुलिसिंग की शानदार मिसाल
= टीआई तिवारी ने छात्र छात्राओं के बीच जगाई शिक्षा की अलख =
बकावंड। पुलिस का काम है अपराध और अपराधियों पर नकेल कसना तथा समाज में शांति व्यवस्था बनाए रखना। इसके इतर पुलिस का एक और बड़ा काम भी है। इस काम का नाम है कम्युनिटी पुलिसिंग। इसके जरिए पुलिस समाज के दबे कुचले, पीड़ित, शोषित और वंचित लोगों की मदद करती है। टीआई विकेश कुमार तिवारी के नेतृत्व में बकावंड थाना पुलिस इस मामले में बेहतर परफॉरमेंस दिखा रही है।
अमूमन पुलिस वाले अपने हाथ में डंडे लेकर अपराधियों लगाम लगाते और रौब झाड़ते नजर आते हैं। आमजन के मन में पुलिस के प्रति छवि भी ठीक नहीं है। लेकिन वही पुलिस जब समाज में छात्र छात्राओं को कलम और किताब देकर उन्हें पढ़ने प्रेरित करती दिखे तो आप समझिए कि सुशासन का असर दिखने लगा है। पुलिस के प्रति समाज में जो भ्रांति फैली हुई है, उसे बकावंड थाने के प्रभारी विकेश कुमार तिवारी दूर करने में लगे हुए हैं। टीआई श्री तिवारी ने ऐसा ही एक बेहतर कार्य किया है, जिसकी जमकर चर्चा और प्रशंसा हो रही है।
कम्युनिटी पुलिसिंग के तहत थाना प्रभारी विकेश तिवारी ने थाना परिसर में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया। इसमें विकासखंड के महत्वपूर्ण लोगों, छात्र छात्राओं और शिक्षक शिक्षिकाओं को आमंत्रित किया गया था। यह कार्यक्रम इसलिए चर्चा का केंद्र बन गया क्योंकि टीआई विकेश कुमार तिवारी ने बच्चों की पढ़ाई पर ज्यादा फोकस किया। उनका कहना था कि आज के बच्चे को अगर उचित शिक्षा मिले तो वे कल के बेहतर नागरिक बनकर समाज की सेवा अच्छे ढंग से कर सकेंगे। कार्यक्रम में प्राथमिक विद्यालय, 6वी,7वीं,8वीं के, कन्या हाई स्कूल बकावंड, कन्या माध्यमिक विद्यालय मूली, एवं फरसीगांव के विद्यार्थियों को पुरस्कार और मोरल सपोर्ट देने के लिए थाना विजट कराया गया। इस दौरान थानेदार तिवारी ने कहा कि बेटियों में ज्यादा प्रतिभा होती है, छात्राओं का प्रस्तुतिकरण अच्छा रहता है। उन्हें बराबर प्रोत्साहन और मार्गदर्शन मिले तो वे अपनी मंजिल आसानी से हासिल कर लेती हैं। श्री तिवारी ने कहा कि विद्यार्थियों को अपना लक्ष्य निर्धारित कर आगे बढ़ना चाहिए, कामयाबी जरूर मिलती है।थाना प्रभारी द्वारा उत्कृष्ट छात्राओं को शिक्षा के विषय में जानकारी दी गई। उन्होंने कहा कि शिक्षा जीवन का आधार है, जो व्यक्ति को ज्ञान, नैतिकता और समझ प्रदान करती है। यह केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि सोचने, समझने और निर्णय लेने की क्षमता को भी विकसित करती है। शिक्षा से व्यक्ति आत्मनिर्भर बनता है और समाज में अपना सम्मानजनक स्थान बनाता है। यह न केवल व्यक्तिगत विकास में सहायक होती है, बल्कि समाज और देश के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। शिक्षित व्यक्ति समाज की प्रगति में योगदान देते हैं और राष्ट्र की समृद्धि के लिए कार्य करते हैं। शिक्षा से ही सामाजिक बदलाव और उन्नति संभव है, इसलिए यह अनमोल है
इस कार्यक्रम में थाना प्रभारी एवं शिक्षक शिक्षिका थाना के कर्मचारी सभी उपस्थित थे।









