Home चर्चा में जगदलपुर में दिखेगी गोंडवाना संस्कृति की शानदार झलक

जगदलपुर में दिखेगी गोंडवाना संस्कृति की शानदार झलक

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-दो दिवसीय गोंडवाना समाज मिलन समारोह 10 जनवरी से 

अर्जुन झा/जगदलपुर। गोंडवाना समाज समन्वय समिति जिला बस्तर जगदलपुर द्वारा हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी दो दिवसीय वार्षिक गोंडवाना सामाजिक मिलन समारोह 10 जनवरी को बुढ़ाल पेन की पारंपरिक सेवा अर्जी के साथ प्रारंभ होगी। 11 जनवरी रविवार को बस्तर सांसद तिरुमाल महेश कश्यप, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एवं विधायक जगदलपुर तिरुमाल किरण सिंह देव, महापौर जगदलपुर तिरुमाल संजय पांडे, वार्ड पार्षद तिरुमाल संग्राम सिंह राणा, संभागीय अध्यक्ष गोंडवाना समाज समन्वय समिति सुमेर सिंह नाग, संभागीय अध्यक्ष सर्व आदिवासी समाज प्रकाश ठाकुर एवं समाज के प्रमुख पदाधिकारियों की उपस्थिति में समापन होगा।

गोंडवाना समाज समन्वय समिति बस्तर जिला के मीडिया प्रभारी नरेश मरकाम एवं माखन लाल सोरी ने बताया है कि 10 जनवरी रविवार को बुढ़ाल पेन की सेवा अर्जी के पश्चात समाज के विद्यार्थियों महिलाओं के लिए विभिन्न प्रकार की रचनात्मक प्रतियोगिताओं का आयोजन होगा, जिसमें प्रमुख रूप से रंगोली, दोना पत्तल सिलाई, क्विज, चित्रकला, निबंध लेखन, आदिवासी पारंपरिक वेशभूषा, आदिवासी लोक नृत्य एकल, सामूहिक एवं युगल प्रारूप में आयोजित की जाएगी। इन प्रतियोगिताओं के लिए अब तक लगभग 80 प्रतिभागी अपना पंजीयन करा चुके हैं।इन प्रतियोगिताओं के सफल आयोजन के लिए समाज के महिला प्रभाग की पदाधिकारियों की टीम बनाई गई है और युद्ध स्तर पर तैयारी चल रही है। समाज द्वारा बस्तर जिले के सभी विकासखंडों के साथ ही साथ संभागीय मुख्यालय जगदलपुर में निवासरत गोंडवाना समाज के सदस्यों को कार्यक्रम में शामिल करने के लिए युद्ध स्तर पर संपर्क अभियान चलाया जा रहा है ताकि समाज के लोग इस कार्यक्रम में ज्यादा से ज्यादा संख्या में शामिल होकर सामाजिक एकता संस्कृति, बोली भाषा, रहन-सहन टंडा, मंडा, कुंडा नेग के बारे में जाने समझेंऔर नई पीढ़ी को भी इसके बारे में अवगत करा सकें।

11 जनवरी को टंडा मंडा कुंडा नेग के बारे में कोया पुणेम्मी बैदार जी का विशेष व्याख्यान रखा गया है। इस आयोजन में बस्तर जिले के साथ ही साथ संभाग के अन्य जिलों के गोंडवाना समाज के सामाजिक विचारक कार्यकर्ता पदाधिकारी विद्यार्थी कर्मचारी अधिकारी शामिल होंगे। समाज के जिला अध्यक्ष नकुल सिंह सेवता ने बताया कि यह आयोजन समाज की समृद्ध गोंडी भाषा संस्कृति रीति रिवाज को संरक्षित संवर्धित करते हुए नए पीढ़ी को देने के उद्देश्य के साथ ही समाज में शिक्षा, संवैधानिक अधिकार, व्यापार व्यवसाय, रोटी बेटी व्यवस्था, विवाह योग्य युवक युवतियों का पंजीयन कराने के उद्देश्य से प्रतिवर्ष आयोजित किया जाता है। आयोजन में वर्ष 2024-25 सत्र के समाज के प्रतिभाशाली छात्र-छात्राओं का सम्मान भी किया जाएगा।

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