पुकार बाफना/बीजापुर 08 फरवरी 2026 –
विकासखंड उसूर अंतर्गत आवापल्ली में 6 फ़रवरी 2026 को विकासखंड स्तरीय स्वस्थ पंचायत सम्मेलन का आयोजन भव्य एवं सुनियोजित ढंग से किया गया। यह कार्यक्रम श्री संबित मिश्रा, कलेक्टर जिला बीजापुर के मार्गदर्शन, श्रीमती नम्रता चौबे, जिला पंचायत सीईओ एवं डॉ. बी.आर. पुजारी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के नेतृत्व में तथा डॉ. बी.आर. पुजारी की उपस्थिति में संपन्न हुआ।
सम्मेलन का आयोजन अनुविभागीय अधिकारी राजस्व उसूर श्री भूपेन्द्र कुमार गावड़े के सानिध्य में तथा खंड चिकित्सा अधिकारी उसूर डॉ. उमेश सिंह ठाकुर के सहयोग से विकासखंड की समस्त ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण समितियों के सहभागिता से किया गया।
कार्यक्रम के दौरान विकासखंड के विभिन्न ग्रामों से आए समिति सदस्यों द्वारा स्वास्थ्य एवं पोषण विषयों पर जनजागरूकता रैली निकाली गई। रैली के माध्यम से ग्रामीणों को स्वच्छता, पोषण, मातृ-शिशु स्वास्थ्य एवं सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई। सम्मेलन में क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों ने समिति सदस्यों को संबोधित कर उनके कार्यों की सराहना की और भविष्य में भी इसी उत्साह से कार्य करने हेतु प्रोत्साहित किया।
विभिन्न विभागों के अधिकारियों द्वारा अपने-अपने विभाग की योजनाओं की जानकारी दी गई तथा आपसी समन्वय से योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन पर जोर दिया गया। इस अवसर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाली मितानिन दीदियों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं एवं मितानिन प्रशिक्षकों को श्रीफल एवं गमछा भेंट कर सम्मानित किया गया। वहीं मोबाइल एकेडमी का कोर्स पूर्ण करने वाली मितानिनों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए।
सम्मेलन में ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं को प्रशासन के समक्ष रखते हुए ज्ञापन सौंपा। विभिन्न विभागों से संबंधित कुल लगभग 132 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, महिला एवं बाल विकास, शिक्षा, ग्राम पंचायत, प्रधानमंत्री आवास योजना, पेंशन, राशन कार्ड, स्वास्थ्य सेवाएं सहित अन्य विषय शामिल रहे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता सुश्री पूर्णिमा तेलम, अध्यक्ष जनपद पंचायत उसूर ने की। इस अवसर पर श्री तिरुपति पुनेम (उपाध्यक्ष), श्रीमती अर्चना मड़ी (जनपद सदस्य), ग्राम पंचायत आवापल्ली की सरपंच श्रीमती ईश्वरी उईका, विकासखंड के समस्त सरपंच, वार्ड पंच, गांव प्रमुख, गणमान्य नागरिक तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
मंच संचालन एवं कार्यक्रम का समन्वय अत्यंत प्रभावशाली ढंग से किया गया, जिससे सम्मेलन एक सूत्र में बंधा और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। दूरस्थ एवं पहुंचविहीन क्षेत्रों से आए ग्रामीणों की सक्रिय सहभागिता ने सम्मेलन को और भी सार्थक बनाया।
अंततः यह सम्मेलन स्वस्थ पंचायत, सशक्त समुदाय और समन्वित प्रशासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।









