Home चर्चा में आम की लकड़ियों के नीचे छिपी थी सागौन की खेप, वन विभाग...

आम की लकड़ियों के नीचे छिपी थी सागौन की खेप, वन विभाग ने पकड़ी तस्करी

8
0

-राजस्थान नंबर की पिकअप जब्त, वन अपराध दर्ज

अब्दुल रफ़ीक खान/महासमुंद/बागबाहरा:

छत्तीसगढ़-ओडिशा सीमा पर वन विभाग की सतर्कता से लकड़ी तस्करी का एक बड़ा मामला उजागर हुआ है। महासमुंद वनमंडल के बागबाहरा परिक्षेत्र स्थित टेमरी अंतर्राज्यीय जांच नाका पर अधिकारियों ने चालाकी से छिपाकर ले जाई जा रही कीमती सागौन की खेप जब्त की है।

यह कार्रवाई वनमंडलाधिकारी मयंक पांडेय के मार्गदर्शन तथा उपवनमंडलाधिकारी गोविंद सिंह के नेतृत्व में की गई।

ऐसे हुआ खुलासा

जांच के दौरान राजस्थान नंबर की महिंद्रा पिकअप (RJ 19 H 5254) को रोका गया। चालक ने विशाखापट्टनम रेंज के पेंड्रूथी सेक्शन से जारी ‘आम लकड़ी’ का ट्रांजिट पास प्रस्तुत किया, जिसमें 300 नग आम चिरान दर्ज था।

दस्तावेज देखने के बाद भी टीम को संदेह हुआ। जब वाहन की बारीकी से तलाशी ली गई तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। ऊपर आम की लकड़ियां व्यवस्थित तरीके से रखी गई थीं, जबकि उनके नीचे लगभग 1.85 घनमीटर कीमती सागौन चिरान छिपाकर रखा गया था।

तुरंत हुई कानूनी कार्रवाई

वन विभाग ने मौके पर ही अवैध सागौन चिरान और पिकअप वाहन को जब्त कर लिया।
इस संबंध में वन अपराध क्रमांक 22663/05 (दिनांक 09 फरवरी 2026) दर्ज किया गया है।
साथ ही, वाहन को शासन के पक्ष में राजसात करने की वैधानिक प्रक्रिया भी प्रारंभ कर दी गई है।

टीम की अहम भूमिका

इस कार्रवाई में बागबाहरा परिक्षेत्र अधिकारी लोकनाथ ध्रुव, डिप्टी रेंजर दुलार सिन्हा, फॉरेस्ट गार्ड खेमराज साहू एवं टेमरी नाका के अन्य कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि सीमावर्ती क्षेत्रों में जांच और गश्त अभियान लगातार जारी रहेगा और अवैध तस्करी में संलिप्त लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here