14 फरवरी की तारीख देश के लिए एक भावुक स्मृति लेकर आती है। वर्ष 2019 में इसी दिन जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में हुए भीषण आतंकी हमले में 40 से अधिक सीआरपीएफ जवानों ने मातृभूमि की रक्षा करते हुए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए थे। इस घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया था।
हमले की बरसी पर प्रधानमंत्री Narendra Modi ने वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि पुलवामा में बलिदान देने वाले जवानों का अदम्य साहस, देशभक्ति और समर्पण हर भारतीय के लिए प्रेरणा का स्रोत है। प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में उल्लेख किया कि इन वीर सपूतों का त्याग सदैव राष्ट्र की सामूहिक चेतना में अंकित रहेगा और आने वाली पीढ़ियों को देश सेवा के लिए प्रेरित करता रहेगा।
प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि देश के प्रति उनका समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा हम सभी को मजबूत और एकजुट भारत के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ने का संकल्प देती है। उन्होंने शहीदों को नमन करते हुए उनके परिवारों के प्रति सम्मान और संवेदना व्यक्त की।
इस अवसर पर उपराष्ट्रपति C. P. Radhakrishnan ने भी वीर जवानों को श्रद्धासुमन अर्पित किए। उन्होंने कहा कि इन बहादुर जवानों का सर्वोच्च बलिदान भारतीय इतिहास में सदा के लिए दर्ज हो चुका है और यह देश को सुरक्षा, एकता और संकल्प की राह पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देता रहेगा।
ज्ञात हो कि 14 फरवरी 2019 को जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले में श्रीनगर-जम्मू राष्ट्रीय राजमार्ग पर सुरक्षा बलों के काफिले को निशाना बनाकर आत्मघाती हमला किया गया था। इस हमले में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के 40 से अधिक जवान शहीद हो गए थे। इस दुखद घटना के बाद पूरे देश में शोक की लहर दौड़ गई थी और आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख अपनाने की मांग तेज हो गई थी।
पुलवामा हमले की बरसी पर देशभर में शहीदों को श्रद्धांजलि दी जाती है। यह दिन हमें याद दिलाता है कि देश की सुरक्षा के लिए हमारे जवान किस प्रकार अपने प्राणों की आहुति देते हैं। उनका बलिदान हमेशा राष्ट्र के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज रहेगा।









