रतनपुर संवाददाता – विमल सोनी
रतनपुर:
महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर छत्तीसगढ़ के रतनपुर स्थित प्राचीन बूढ़ा महादेव शिव मंदिर में सुबह से ही भक्तों का अपार जनसैलाब उमड़ पड़ा। रामटेकरी पहाड़ी के नीचे बसे इस सिद्ध महादेव मंदिर में “हर हर महादेव” और “बम बम भोले” के जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। लाखों श्रद्धालु जल, दूध, बेलपत्र, धतूरा और भांग अर्पित कर दर्शन लाभ ले रहे हैं।बूढ़ा महादेव मंदिर में विशेष रौनकरतनपुर के पुरातात्विक शिव मंदिरों में शुमार बूढ़ा महादेव मंदिर में मान्यता है कि महाशिवरात्रि पर जलाभिषेक से विशेष पुण्य प्राप्ति होती है।

सुबह से लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं, जहां भक्त रुद्राभिषेक, भजन-कीर्तन और विशेष पूजा-अर्चना में लीन रहे। स्थानीय निवासियों, सामाजिक संगठनों और मोहल्ला वासियों ने भंडारे, प्रसाद वितरण और अनुष्ठान आयोजित किए।अन्य मंदिरों में भी धूमरतनपुर के बैराग वन, रत्नेश्वर महादेव, सूर्येश्वर महादेव, आठा-बीसा सहित अन्य शिव स्थलों पर भी भक्तों की भारी भीड़ रही। कई जगहों पर झांकी महादेव-पार्वती के साथ शिव बारात निकाली गई। पूरे क्षेत्र में उत्साह और उल्लास का माहौल है।पर्व का धार्मिक महत्व और शुभ मुहूर्तमहाशिवरात्रि 15 फरवरी को मनाई जा रही है, क्योंकि चतुर्दशी तिथि शाम 5:04 बजे से शुरू होकर 16 फरवरी शाम तक रहेगी। लगभग 300 वर्षों बाद इस बार दुर्लभ शुभ योग का संयोग बन रहा है। शिव पुराण के अनुसार, इसी दिन भगवान शिव ने पहली बार लिंग रूप में दर्शन दिए और उनका माता पार्वती से विवाह हुआ।









