सोमन साहू/आरंग/खमतराई
बच्चों में पठन-पाठन की संस्कृति को बढ़ावा देने और स्कूल पुस्तकालयों को अधिक सक्रिय व प्रभावी बनाने के उद्देश्य से आज एक विशेष पहल की गई। आरंग विकासखंड के अंतर्गत खमतराई एवं गुल्लू संकुल के संयुक्त तत्वावधान में ‘पुस्तकालय विशेष कार्यशाला’ का गरिमामय आयोजन किया गया। यह महत्वपूर्ण कार्यशाला प्रातः 8:00 बजे से शासकीय प्राथमिक शाला खमतराई के सुसज्जित शैक्षिक हॉल में संपन्न हुई।कार्यशाला में संकुल समन्वयक हरीश दीवान ने प्रधान पाठकों को प्रेरित करते हुवे कहा कि हम सब सुविधादाता है और हमे बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए बच्चों को पुस्तकालय से जोड़ना होगा ताकि बच्चों में पठन कौशल का विकास हो साथ ही कहा कि इससे ज्ञान में वृद्धि,समय का सदुपयोग, कल्पना शक्ति को उड़ान एवं स्वाध्याय की अच्छी आदत विकसित होती है।
कार्यशाला में मुख्य संदर्भ व्यक्ति (रिसॉर्स पर्सन) के रूप में अजीम प्रेमजी फाउंडेशन से शिक्षाविद जयकुमार वर्मा ने उपस्थित प्रधान पाठकों एवं शिक्षकों का मार्गदर्शन करते हुए कहा कि पुस्तकें केवल अलमारियों की शोभा बढ़ाने के लिए नहीं, बल्कि बच्चों की कल्पनाशीलता को उड़ान देने का माध्यम हैं। वर्मा ने पुस्तकालय प्रबंधन, बच्चों को किताबों से जोड़ने के अभिनव तरीकों और कहानी वाचन कला के माध्यम से भाषाई कौशल विकसित करने के कई शानदार व व्यावहारिक तरीके साझा किए।
कार्यशाला के दौरान उपस्थित शिक्षकों ने पुस्तकालय निर्माण, पुस्तकों का बच्चों के स्तर अनुसार वर्गीकरण करने, नियम चार्ट,लाइब्रेरी रजिस्टर निर्माण, करने और ‘रीडिंग कॉर्नर’ (पठन कोना) को आकर्षक बनाने की गतिविधियों में भाग लिया ।इसमें प्रधान पाठक गण नर्सिंगदास मानिकपुरी,लक्षण लहरी,अरविंद वैष्णव,दिगम्बर बरीहा,विनोद कुमार साहू , परस राम कन्नौजे सहित शिक्षक भूषण जलक्षत्रि एवं विद्यार्थियों की सहभागिता रही।








