आरंग संवाददाता – सोमन साहू
आरंग — लंबित मांगों को लेकर प्रदेश भर की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएं 27अक्टूबर को एक दिवसीय हड़ताल पर रहेंगी। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका संयुक्त मंच के बैनर तले आंदोलनरत आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका ब्लॉक एवं जिला मुख्यालय में धरना प्रदर्शन, सभा के बाद रैली निकाल कर कलेक्ट्रेट का घेराव कर सरकार के सामने अपनी मांगें रखेंगी। इस दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े एवं सचिव के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा।
संयुक्त मंच का मानना है, कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएं वर्षों से बच्चों के पोषण, गर्भवती महिलाओं की देखभाल तथा शासन की योजनाओं को जमीनी स्तर पर पहुंचाने की जिम्मेदारी निभा रही हैं, लेकिन इसके बावजूद उन्हें नियमित कर्मचारी का दर्जा और सम्मानजनक मानदेय नहीं मिल पाया है। काम का बोझ लगातार बढ़ने के बावजूद सामाजिक सुरक्षा की पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिलने से महिला कर्मियों में नाराजगी है।मंच की प्रमुख मांग है, कि कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को नियमित किया जाए। नियमितीकरण होने तक कार्यकर्ताओं को 30 हजार रुपये और सहायिकाओं को 25 हजार 500 रुपये प्रतिमाह मानदेय दिया जाए। इसके अलावा कार्यकर्ताओं को सुपरवाइजर तथा सहायिकाओं को कार्यकर्ता के पद पर सीधे पदोन्नति देने और पदोन्नति में उम्र की बाध्यता समाप्त करने की मांग की गई है।
महिला कर्मियों ने समूह बीमा, पेंशन, ग्रेच्युटी और भविष्य निधि (पीएफ) जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग भी उठाई है। सेवा के दौरान आकस्मिक मृत्यु होने पर अनुकंपा नियुक्ति, सेवानिवृत्ति पर कार्यकर्ता को पांच लाख रुपये और सहायिका को तीन लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने तथा मध्यप्रदेश की तर्ज पर प्रतिवर्ष मानदेय में एक हजार रुपये की वृद्धि करने की मांग भी आंदोलन का हिस्सा है। भानसोज सेक्टर से वरिष्ठ आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अंजू शर्मा, प्यारी राव, लता यादव, प्रभा माण्डले, भुवनेश्वरी आडिल, विमला कोसले ने एक संयुक्त प्रेस विज्ञप्ति जारी कर आंगन बाड़ी कर्मचारियों को इस आंदोलन में भाग लेने की अपील की है एवं आगे कहा कि27अक्टूबर की हड़ताल के बाद भी सरकार अगर हमारी मांगें पूरी नही करती है,तो नये साल में अनिश्चित कालीन हड़ताल की चेतावनी दी है







