-जनपद पंचायत में कथित अवैध वसूली पर जताई नाराजगी, कोल वाशरी के प्रस्ताव पर भी उठाए सवाल
रेशमा लहरे/कोटा। कोटा विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्यों को गति देने और शासकीय योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर विधायक अटल श्रीवास्तव ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों की समीक्षा बैठक ली। बैठक में उन्होंने क्षेत्र में चल रहे निर्माण कार्यों, प्रस्तावित योजनाओं और आम जनता से जुड़ी समस्याओं की विस्तार से समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि विकास कार्यों की गुणवत्ता और निर्धारित समय-सीमा से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
विधायक ने कहा कि निर्माण कार्यों में लापरवाही, घटिया सामग्री के उपयोग और अनावश्यक देरी की शिकायत मिलने पर संबंधित अधिकारियों और ठेकेदारों की जवाबदेही तय की जाएगी। उन्होंने सभी विभागों को अपने कार्यों में पारदर्शिता रखने और जनता की समस्याओं का प्राथमिकता से निराकरण करने के निर्देश दिए।
जनपद पंचायत में कथित अवैध वसूली पर सख्त नाराजगी
बैठक में जनपद पंचायत के बाबुओं और कर्मचारियों द्वारा सरपंचों एवं जनप्रतिनिधियों से कथित अवैध वसूली किए जाने का मामला भी उठा। विधायक अटल श्रीवास्तव ने इस पर नाराजगी जताते हुए कहा कि पंचायत संबंधी कार्यों के लिए जनप्रतिनिधियों को परेशान करना और उनसे अवैध राशि की मांग करना किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने शिकायतों की जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने तथा सरपंचों के कार्य नियमानुसार और सम्मानपूर्वक करने के निर्देश दिए।
स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के निर्देश
स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान विधायक ने ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने पर जोर दिया। उन्होंने अस्पतालों में डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मचारियों की उपलब्धता, दवाइयों, जांच सुविधाओं तथा मरीजों को मिलने वाले उपचार की नियमित निगरानी करने को कहा। उन्होंने कहा कि आम नागरिकों को इलाज के लिए भटकना न पड़े, यह विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
अधूरी सड़कों का निर्माण जल्द पूरा करने पर जोर
क्षेत्र की सड़कों और निर्माणाधीन कार्यों की समीक्षा करते हुए विधायक ने अधूरे सड़क निर्माण को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए और अधिकारियों द्वारा नियमित निरीक्षण किया जाए, ताकि जनता को आवागमन में हो रही परेशानियों से राहत मिल सके।
कोल वाशरी के प्रस्ताव पर जताई चिंता
कोटा नगर क्षेत्र में प्रस्तावित कोल वाशरी को लेकर विधायक ने पर्यावरण, जलस्रोतों और नागरिकों के स्वास्थ्य पर पड़ने वाले संभावित प्रभावों को लेकर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि किसी भी औद्योगिक परियोजना को शुरू करने से पहले उसके प्रभावों का गंभीरता से आकलन जरूरी है। स्थानीय जनता और जनप्रतिनिधियों की सहमति एवं चिंताओं को नजरअंदाज कर कोई निर्णय नहीं लिया जाना चाहिए।
विधायक ने स्पष्ट किया कि यदि क्षेत्र की जनता और जनप्रतिनिधि कोल वाशरी के पक्ष में नहीं हैं तथा इससे जनजीवन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है, तो ऐसी परियोजना को स्वीकार नहीं किया जाएगा। पर्यावरण, नागरिकों के स्वास्थ्य और जनहित से कोई समझौता नहीं होना चाहिए।
अंत में विधायक ने अधिकारियों को शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने, विकास कार्यों में पारदर्शिता बनाए रखने और बैठक में दिए गए निर्देशों का समय-सीमा के भीतर पालन सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक में ये रहे उपस्थित
समीक्षा बैठक में कोटा एसडीएम श्रीमती सीमा रात्रे, जनपद अध्यक्ष सूरज साधे लाल भारद्वाज, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अरुण त्रिवेदी, विधायक प्रतिनिधि आदित्य दीक्षित, शिवदत्त पाण्डेय, कुलवंत सिंह, प्रतीक त्रिवेदी, सुभाष अग्रवाल, प्रकाश जायसवाल, फूलचंद अग्रहरि, पार्षद जब्बार खान, कान्हा गुप्ता, रिंकू दीक्षित, संजू चौहान, अजय चौहान, देवेंद्र कश्यप, राम गंधर्व सहित जनपद सदस्य एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।







