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रजगामार में श्रद्धा, संस्कृति और समरसता के साथ मना गुरु घासीदास जयंती महोत्सव 269वीं जयंती पर रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से सजी गुरुपर्व की भव्य संध्या

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कोरबा संवाददाता – हेमलाल झारिया
कोरबा जिले के ग्राम रजगामार में महान समाज सुधारक, मानवतावादी संत एवं सतनाम पंथ के प्रवर्तक सद्गुरु घासीदास जी की 269वीं जयंती के पावन अवसर पर सार्वजनिक रूप से गुरुपर्व महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में श्रद्धा, भक्ति और सांस्कृतिक समरसता का अद्भुत संगम देखने को मिला।
गुरुपर्व महोत्सव के अंतर्गत आयोजित रात्रिकालीन सांस्कृतिक कार्यक्रम विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। नन्हे-मुन्ने बच्चों सहित स्थानीय कलाकारों ने नृत्य, गीत एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से अपनी कला का शानदार प्रदर्शन किया, जिसे उपस्थित दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ सराहा। पूरा ग्राम परिसर भक्ति और उल्लास के वातावरण से सराबोर नजर आया।
इस गरिमामय आयोजन में भाजपा अजजा मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष श्री टिकेश्वर सिंह राठिया, जनपद पंचायत कोरबा की अध्यक्ष श्रीमती बिजमोती राठिया एवं जिला पंचायत सदस्य श्रीमती रेणुका राठिया मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। अतिथियों ने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया तथा गुरु घासीदास जी के जीवन दर्शन, सत्य, अहिंसा और सामाजिक समरसता के संदेशों पर प्रकाश डाला।
मुख्य अतिथियों ने अपने उद्बोधन में कहा कि गुरु घासीदास जी के विचार आज भी समाज को समानता, भाईचारा और मानव कल्याण की दिशा में मार्गदर्शन प्रदान करते हैं। उन्होंने गुरुपर्व जैसे आयोजनों को नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने वाला बताया।
कार्यक्रम में विशेष रूप से भाजपा कुदमुरा मंडल के पूर्व अध्यक्ष श्री लक्ष्मी श्रीवास, प्रतिनिधि श्री अभिमन्यु राठिया, मंडल के पूर्व महामंत्री श्री हेमलाल झारिया, श्री पुष्पेंद्र डिक्सेना सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, सामाजिक कार्यकर्ता एवं श्रद्धालुजन उपस्थित रहे। सभी ने गुरुपर्व आयोजन की भूरि-भूरि प्रशंसा की।
पूरे आयोजन के दौरान ग्राम रजगामार का वातावरण भक्ति, संस्कृति, सामाजिक एकता और सतनाम संदेश से ओतप्रोत रहा, जिससे गुरुपर्व महोत्सव यादगार बन गया।

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