बसंत पंचमी का पर्व ज्ञान, विद्या और कला की देवी मां सरस्वती को समर्पित होता है। इस शुभ दिन पीले रंग के व्यंजन बनाने और उन्हें भोग के रूप में अर्पित करने की परंपरा है। माना जाता है कि इससे बुद्धि, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का आशीर्वाद मिलता है।
अगर आप इस बार पारंपरिक हलवा या मीठे चावल से कुछ अलग और खास बनाना चाहते हैं, तो मलाईदार साबूदाना खीर एक बेहतरीन विकल्प हो सकती है। दूध की गाढ़ी मलाई, केसर की खुशबू और ड्राय फ्रूट्स का स्वाद इसे खास बनाता है।
साबूदाना खीर के लिए आवश्यक सामग्री
साबूदाना – आधा कप
फुल क्रीम दूध – 1 लीटर
चीनी – स्वादानुसार (लगभग आधा कप)
केसर – 10–12 धागे
इलायची पाउडर – आधा छोटा
चम्मचदेसी घी – 1 छोटा चम्मच
काजू – 10–12 (कटे हुए)
बादाम – 8–10 (कटे हुए)
पिस्ता – 8–10 (कटे हुए)
किशमिश – 1 छोटा चम्मच
गुलाब जल – 1 छोटा चम्मच
पीला फूड कलर – 1–2 बूंद (वैकल्पिक)
बनाने की आसान विधि
1) सबसे पहले साबूदाना साफ पानी से धोकर 3–4 घंटे या रातभर के लिए भिगो दें। बाद में अतिरिक्त पानी निकाल लें।
2) एक भारी तले के बर्तन में दूध को उबालें और फिर धीमी आंच पर चलाते हुए थोड़ा गाढ़ा होने दें।
3) अब दूध में भीगा हुआ साबूदाना डालें और धीमी आंच पर लगातार चलाते रहें, ताकि साबूदाना नीचे न लगे।
4) जब साबूदाना पूरी तरह पककर पारदर्शी हो जाए, तब केसर को गुनगुने दूध में भिगोकर खीर में डालें। चाहें तो इसी समय पीला फूड कलर भी मिला सकते हैं।
5) अब चीनी डालें और 5–7 मिनट तक पकाएं, जब तक खीर अच्छी तरह गाढ़ी न हो जाए।
6) एक अलग पैन में घी गर्म कर ड्राय फ्रूट्स को हल्का सुनहरा होने तक भून लें। इन्हें खीर में डालें।
7) अंत में इलायची पाउडर और गुलाब जल मिलाकर गैस बंद कर दें।
भोग कैसे अर्पित करें
मां सरस्वती को यह खीर गुनगुनी या ठंडी, दोनों रूपों में भोग स्वरूप अर्पित की जा सकती है। ऊपर से केसर के धागे और पिस्ता डालकर सजाएं।







