महाराष्ट्र में पालघर जिले के एक औद्योगिक क्षेत्र में स्थित एक रासायनिक इकाई से सोमवार दोपहर को ओलियम (फ्यूमिंग सल्फ्यूरिक एसिड) गैस का रिसाव हुआ, जिसके बाद 1600 स्कूली छात्रों समेत 2600 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। अधिकारियों ने बताया कि तीन लोगों को आंखों में मामूली जलन की शिकायत हुई। महाराष्ट्र के पालघर जिले के बोईसर स्थित तारापुर MIDC क्षेत्र में प्लॉट डी-17 पर स्थित भगेरिया केमिकल कंपनी में सल्फर ट्राईऑक्साइड (SO3) गैस के रिसाव से पूरे औद्योगिक क्षेत्र में हड़कंप मच गया. गैस का असर इतना व्यापक था कि तीन से चार किलोमीटर दूर तक रहने वाले लोगों को आंखों में जलन, खांसी और सांस लेने में दिक्कत की शिकायत होने लगी.
पालघर जिले के तारापुर MIDC क्षेत्र में एक केमिकल कंपनी में गैस रिसाव से हड़कंप मच गया. कंपनी के आसपास स्थित अन्य औद्योगिक इकाइयों में काम कर रहे कर्मचारियों को एहतियातन बाहर निकालकर सुरक्षित स्थानों पर भेज दिया गया. वहीं MIDC कॉलोनी को भी खाली कराया गया.
प्रशासन ने तत्काल मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित करने के प्रयास शुरू किए. राहत और बचाव कार्य के लिए NDRF की टीम भी कंपनी परिसर के पास तैनात कर दी गई. घटना के बाद कंपनी के आसपास स्थित अन्य औद्योगिक इकाइयों में काम कर रहे कर्मचारियों को एहतियातन बाहर निकालकर सुरक्षित स्थानों पर भेज दिया गया. साथ ही कुछ दूरी पर स्थित MIDC कॉलोनी को भी खाली कराया गया.
इससे पहले अगस्त 2025 में तारापुर औद्योगिक क्षेत्र (MIDC) में एक बड़ा हादसा हुआ था. यहां एक फार्मा कंपनी के दवा निर्माण कारखाने में गैस रिसाव होने से चार मजदूरों की दर्दनाक मौत हो गई थी, जबकि दो मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए थे. इसी तरह कर्नाटक के मंगलुरु जिले के सूरतकल में स्थित मैंगलोर रिफाइनरी एंड पेट्रोकेमिकल्स लिमिटेड (एमआरपीएल) में जहरीली गैस के रिसाव से 2 कर्मचारियों की मौत हो गई थी. यह हादसा एमआरपीएल के ऑयल मूवमेंट सेक्शन (ओएमएस) में हुआ था.









