रायपुर-
छत्तीसगढ़ की राजनीति में बुधवार का दिन ऐतिहासिक रहा। राज्य में मंत्रिमंडल का विस्तार करते हुए तीन नए चेहरों को मंत्री पद की शपथ दिलाई गई। राजभवन में आयोजित समारोह में दुर्ग शहर के विधायक गजेंद्र यादव, अंबिकापुर से विधायक राजेश अग्रवाल और आरंग से विधायक गुरु खुशवंत साहेब मंत्री बने।
इस विस्तार के साथ ही छत्तीसगढ़ मंत्रिमंडल में मंत्रियों की संख्या बढ़कर 14 हो गई है। राज्य बनने के बाद यह पहला मौका है जब कैबिनेट में इतने मंत्री शामिल किए गए हैं।
कौन किस विभाग की कमान संभाल सकता है?
सूत्रों के अनुसार विभागों का बंटवारा जल्द किया जाएगा।
गजेंद्र यादव को उनकी शैक्षणिक पृष्ठभूमि को देखते हुए स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा और तकनीकी शिक्षा की जिम्मेदारी दी जा सकती है।
गुरु खुशवंत साहेब को लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी (PHE) और खादी एवं ग्रामोद्योग विभाग सौंपे जाने की चर्चा है।
राजेश अग्रवाल को धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व, पर्यटन और संस्कृति, साथ ही आबकारी विभाग दिया जा सकता है।
मुख्यमंत्री के पास अभी कौन से विभाग हैं?
पूर्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल के लोकसभा सदस्य बनने के बाद उनके विभाग अस्थायी रूप से मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के पास हैं। इनमें स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व, पर्यटन और संस्कृति विभाग शामिल हैं।
इसके अलावा मुख्यमंत्री के पास फिलहाल सामान्य प्रशासन, ऊर्जा, खनिज साधन, जनसंपर्क, वाणिज्यिक कर और परिवहन विभाग भी हैं। माना जा रहा है कि मंत्रिमंडल विस्तार के बाद इन विभागों का बंटवारा जल्द ही किया जाएगा।
नए मंत्रियों के लिए तैयार हुईं लग्जरी गाड़ियां
नए मंत्रियों के लिए छत्तीसगढ़ स्टेट गैरेज में तीन सफेद रंग की फार्च्यूनर गाड़ियां तैयार की गई हैं। इनमें से दो गाड़ियां (CG-02 AF 0009 और CG-02 AV 0005) पूरी तरह तैयार हो चुकी हैं, जबकि तीसरी गाड़ी अभी ट्रायल पर है।
क्यों खास है यह विस्तार?
अब तक 90 सीटों वाली विधानसभा में 15% नियम के चलते अधिकतम 13 मंत्री ही बनाए जाते थे।
इस बार हरियाणा फार्मूले को अपनाकर कैबिनेट में 14 मंत्री बनाए गए हैं।
यह छत्तीसगढ़ की राजनीति में एक नया रिकॉर्ड है।









