बीजापुर संवाददाता – पुकार बाफना
बीजापुर, 30 अप्रैल 2026।
छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले ने इस वर्ष बोर्ड परीक्षा परिणामों में ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करते हुए पूरे प्रदेश में अपनी अलग पहचान बनाई है। छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल रायपुर द्वारा घोषित 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 के नतीजों में बीजापुर ने शानदार प्रदर्शन किया है।
कक्षा 10वीं में जिले ने 96.06 प्रतिशत परिणाम के साथ पूरे राज्य में पहला स्थान प्राप्त किया, जो अब तक का एक रिकॉर्ड है। वहीं कक्षा 12वीं में 95.03 प्रतिशत विद्यार्थियों के उत्तीर्ण होने के साथ जिला प्रदेश में दूसरे स्थान पर रहा।
छात्रों का उत्कृष्ट प्रदर्शन
इस उपलब्धि में छात्रों की मेहनत भी साफ झलकती है।
12वीं में स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल, बीजापुर के छात्र अंकित मोरला ने 90.20% अंक के साथ जिला टॉप किया।
10वीं में नवीन कन्या हाईस्कूल के अनिल कुमार मज्जी ने 93.50% अंक लाकर पहला स्थान हासिल किया।

Ankit morla ( science -maths) Anil Kumar majji
Percentage :- 90.2% Percentage 93.50
Percentage :- 90.2% Percentage 93.50
आंकड़ों में सफलता की कहानी
कुल 4117 परीक्षार्थियों में से 2805 विद्यार्थी प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण हुए।
10वीं: 2416 में से 1652 छात्र प्रथम श्रेणी में सफल।
12वीं: 1701 में से 1153 विद्यार्थियों ने प्रथम श्रेणी प्राप्त की।
रणनीति और सख्त मॉनिटरिंग बनी सफलता की कुंजी
इस अभूतपूर्व सफलता के पीछे जिला प्रशासन और स्कूल शिक्षा विभाग की संयुक्त रणनीति रही।
सत्र की शुरुआत में ही कलेक्टर संबित मिश्रा के निर्देशन में लक्ष्य आधारित वार्षिक योजना बनाई गई।
हर दो महीने में प्री-बोर्ड परीक्षा आयोजित कर नियमित समीक्षा की गई।
विषय विशेषज्ञ शिक्षकों की कमी दूर करने हेतु DMF फंड से 48 “शिक्षा मितान” नियुक्त किए गए।
कमजोर छात्रों के लिए रिमेडियल क्लास और अतिरिक्त कक्षाएं संचालित की गईं।
जिला स्तर पर परीक्षा सेल बनाकर ब्लूप्रिंट आधारित प्रश्नपत्र तैयार किए गए।
नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में भी शिक्षा की नई रोशनी
पामेड़, कोशलनार, बेदरे, मिरतुर, फरसेगढ़ और बासागुड़ा जैसे पहले नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के स्कूलों ने शत-प्रतिशत परिणाम देकर नई उम्मीद जगाई है। यह बदलाव शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक माहौल और निरंतर प्रयासों का परिणाम है।
एक नई शुरुआत
बीजापुर का यह प्रदर्शन न केवल जिले के लिए गर्व का विषय है, बल्कि पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणादायक उदाहरण बन गया है। यह साबित करता है कि सही योजना, निरंतर प्रयास और सामूहिक भागीदारी से किसी भी चुनौती को सफलता में बदला जा सकता है।







