कुसमुंडा संवाददाता – गुरदीप सिंह
कुसमुंडा क्षेत्र के भुट्टा चौक सड़क पर SECL कर्मी की दर्दनाक मौत के बाद अब प्रबंधन हरकत में नजर आ रहा है। हादसे के बाद सड़क के दोनों ओर यातायात रोककर पिछले पाँच दिनों से मरम्मत कार्य कराया जा रहा है, लेकिन अब तक काम पूरा नहीं हो सका है। स्थानीय लोगों और श्रमिक संगठनों का आरोप है कि सड़क निर्माण की गुणवत्ता बेहद खराब है और सिर्फ औपचारिकता निभाई जा रही है।
एचएमएस के महामंत्री एवं केंद्रीय मंत्री श्रमिक नेता Ashok Kumar Sahu ने सड़क मरम्मत कार्य पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जिस स्थान पर उनके साथी कर्मी की ऑन ड्यूटी दुर्घटना में मौत हुई, वह जगह लंबे समय से दुर्घटनाओं का केंद्र रही है। उन्होंने कहा कि इस स्थान पर पहले भी कई श्रमिक साथियों की जान जा चुकी है, जबकि कई लोग आज भी अस्पतालों में इलाज करा रहे हैं।

अशोक कुमार साहू ने कहा कि कानून के अनुसार किसी भी कर्मचारी को उसके घर से कार्यस्थल तक सुरक्षित और व्यवस्थित आवागमन की सुविधा देना प्रबंधन की जिम्मेदारी होती है, लेकिन SECL प्रबंधन वर्षों से इस जिम्मेदारी को निभाने में असफल रहा है। यही लापरवाही लगातार हादसों और श्रमिकों की मौत का कारण बन रही है।
उन्होंने मांग की कि भुट्टा चौक को विस्तारित किया जाए, सड़क को मजबूत और गुणवत्ता के साथ बनाया जाए तथा इस स्थान का नाम “श्रमिक चौक” रखा जाए, ताकि यहां जान गंवाने वाले श्रमिक साथियों की स्मृति हमेशा जीवित रहे।
श्रमिक नेता ने यह भी आरोप लगाया कि वर्तमान मरम्मत कार्य बेहद धीमी गति से चल रहा है और केवल “लीपापोती” कर मामले को शांत करने की कोशिश की जा रही है। स्थानीय लोगों में भी सड़क निर्माण की गुणवत्ता को लेकर नाराजगी देखी जा रही है।








