बस्तर संवाददाता – अर्जुन झा
ऐसा फैला दीपक का उजियारा कि चौंधिया गईं हैं दिग्गजों की आंखें
राजमहल की राजनीति को ढहते और मोहरे को पिटते देख दौड़े चले आए कांग्रेस के बड़े नेता
जगदलपुर। जिस शिवनंदनपुर नगर को चार दिन पहले तक छत्तीसगढ़ के अन्य हिस्सों के लोग जानते तक नहीं थे, वही शिवनंदनपुर अब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज की एंट्री के बाद पूरे राज्य और कांग्रेस मुख्यालय दिल्ली तक में सुर्खियों में आ गया है। जो भाजपा शिवनंदनपुर नगर पंचायत के प्रथम चुनाव को बहुत ही हल्के में ले रही थी, उसके लिए यह चुनाव बड़ी चुनौती बन गया है। दरअसल रातोंरात सूरजपुर, सरगुजा तक “दीपक” का उजियारा इस कदर फैल गया है कि भाजपा के साथ ही कांग्रेस के भी कई दिग्गजों की आंखें चौंधिया गईं हैं, उनकी बेचैनी बढ़ गई है। राजमहल की राजनीति को ढहते और मोहरे को पिटते देख कांग्रेस के भी अन्य बड़े खिलाड़ी नेता दौड़े दौड़े विश्रामपुर पहुंच गए। विश्रामपुर ने कांग्रेस और भाजपा के आला नेताओं का चैनो- आराम छीन लिया है। तपती गर्मी में एसी के शीतल बयार से निकल कर उन्हें अब विश्रामपुर में डेरा डालना पड़ रहा है। ये है दीपक का करिश्मा। यह दीपक कोई अलादीन का चिराग नहीं, पर उससे कतई कमतर भी नहीं है। यह दीपक है प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, जो मुश्किल वक्त में एक आम कार्यकर्ता के साथ भी कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हो जाते हैं। उनकी यही क्रियाशीलता ने समूचे सूरजपुर, सरगुजा का चमकता सितारा बना दिया है।
सरगुजा, सूरजपुर में कांग्रेस शून्य की स्थिति पर जा पहुंची थी। पार्टी की अंदरूनी राजनीति में भले ही तीन दिग्गज पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, पूर्व उप मुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव बाबा और पीसीसी चीफ दीपक बैज अपनी अलग अलग विचारधारा और रणनीति के तहत काम करते हैं और एक दूसरे के परस्पर विरोधी माने जाते हैं। पीसीसी अध्यक्ष दीपक बैज ने पिछले तीन दिनों में हम आपके साथ हैं के उद्देश्य के साथ कार्यकर्ताओं और जनता का दिल जीत लिया है। विश्रामपुर के कांग्रेस नेता पर हुई एफआईआर को लेकर दीपक बैज ने जो कड़े तेवर दिखाए हैं, उससे खासकर युवा उनसे बेहद प्रभावित हो उठे हैं। दिन हो या रात, धूप हो या छांव इसकी परवाह न करते हुए दीपक बैज जिस दमदारी के साथ कार्यकर्ताओं और आमजन के बीच उपस्थिति दर्ज कराते हैं, उनकी इसी शैली ने उन्हें जनप्रिय नेता के रूप में स्थापित कर दिया है।बिश्रामपुर में अपने शिष्टाचार से लबालब भरे उद्बोधन से उन्होंने सत्ता पक्ष को समझा दिया कि गलत ढंग से किसी को भी फंसा कर कुटिल राजनीति अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। चाहे खाकी हो या भगवा उन्हें उज्ज्वल रह कर ही जनहित में कार्य करना पड़ेगा। जिस सरगुजा में कांग्रेस शून्य की स्थिति में थी आज वहां पार्टी रातों रात अचानक शून्य से शिखर तक जा पहुंची है।वहां कांग्रेस अब ताल ठोंक कर सरकार से सवाल पूछ रही है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव बाबा ने भी देर ही सही मौके पर पहुंच कर कार्यकर्ताओं में जोश भरा है। पीसीसी अध्यक्ष दीपक बैज की आमरण अनशन की घोषणा से नगर चुनाव में एक मोड़ ला दिया है। जिस चुनाव को सत्तापक्ष गंभीरता से नहीं ले रहा था, उस चुनाव में कांग्रेस अध्यक्ष ने जान फूंक दी है। बस्तर की धरा से धूमकेतु की तरह कांग्रेस की राजनीति में उभरने वाले दीपक बैज अब सरगुजा में भी कार्यकर्ताओं के बीच अपना जोशीला प्रकाश फैलाने में सफल हो गए हैं।पदयात्राओं, आमरण अनशन के जरिए प्रदेश में कांग्रेस को स्थापित करने वाले दीपक बैज अब सरगुजा में भी अपनी उपस्थिति से लोगों में अहसास कराया कि कांग्रेस जन जन के साथ है।छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, पूर्व उप मुख्यमंत्री सरगुजा महाराज टीएस सिंहदेव बाबा, छत्तीसगढ़ पीसीसी चीफ दीपक बैज, पूर्व मंत्री अमरजीत भगत,पूर्व मंत्री प्रेमसाय टेकाम, जिला कांग्रेस अध्यक्ष शशि सिंह के शिवनंदनपुर नगर पंचायत चुनाव के लिए कांग्रेस पार्टी के समर्थन में एकजुट होकर खड़े हो जाने से अब भाजपा चक्रव्यूह में फंस चुकी है।








