तेहरान/तेल अवीव। पश्चिम एशिया में एक बार फिर तनाव खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। करीब दो महीने के संघर्षविराम के बाद ईरान और इजराइल के बीच सीधे सैन्य हमले शुरू हो गए हैं। ईरान ने इजराइल के कई क्षेत्रों पर मिसाइलें दागीं, जबकि जवाबी कार्रवाई में इजराइल ने ईरान के विभिन्न सैन्य ठिकानों और रणनीतिक क्षेत्रों को निशाना बनाते हुए हवाई हमले किए।
ईरान की मिसाइलों से इजराइल में अलर्ट
रिपोर्टों के अनुसार ईरान ने इजराइल की ओर कई बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं, जिसके बाद देशभर में सायरन बजने लगे और लोगों को सुरक्षित बंकरों में जाने के निर्देश दिए गए। इजराइली रक्षा तंत्र सक्रिय हुआ और अधिकांश मिसाइलों को हवा में ही रोकने का दावा किया गया। कई शहरों में विस्फोटों की आवाजें सुनी गईं और सुरक्षा एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा गया।
इजराइल का जवाब, तेहरान और तबरीज समेत कई ठिकानों पर हमले
ईरानी हमलों के कुछ घंटों बाद इजराइली वायुसेना ने जवाबी कार्रवाई शुरू की। इजराइल ने पश्चिमी और मध्य ईरान के सैन्य ठिकानों, मिसाइल लॉन्च साइटों और अन्य रणनीतिक परिसरों पर हवाई हमले किए। तेहरान, तबरीज और इस्फहान सहित कई शहरों में विस्फोटों की खबरें सामने आईं। ईरानी मीडिया ने भी विभिन्न क्षेत्रों में धमाकों की पुष्टि की है।
हवाई क्षेत्र बंद, सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ईरान ने तेहरान के प्रमुख अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के आसपास का हवाई क्षेत्र अस्थायी रूप से बंद कर दिया। वहीं इजराइल में भी कई इलाकों में हवाई यातायात और सार्वजनिक गतिविधियों पर निगरानी बढ़ा दी गई है। दोनों देशों की सेनाएं संभावित आगे की कार्रवाई के लिए तैयार बताई जा रही हैं।
संघर्षविराम टूटने से बढ़ी वैश्विक चिंता
अप्रैल में हुए संघर्षविराम के बाद यह पहला बड़ा सीधा सैन्य टकराव माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि ताजा घटनाक्रम पूरे पश्चिम एशिया को फिर व्यापक युद्ध की ओर धकेल सकता है। अमेरिका सहित कई देशों ने संयम बरतने की अपील की है और तनाव कम करने के लिए कूटनीतिक प्रयास तेज कर दिए गए हैं।
तेल बाजार और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर असर
संघर्ष बढ़ने की आशंका के बीच अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में भी हलचल देखी गई। निवेशकों को डर है कि यदि लड़ाई और फैलती है तो ऊर्जा आपूर्ति प्रभावित हो सकती है, जिसका असर वैश्विक बाजारों पर पड़ सकता है।
आगे क्या?
ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड ने चेतावनी दी है कि यदि इजराइल की कार्रवाई जारी रहती है तो जवाब और व्यापक हो सकता है। दूसरी ओर इजराइल ने भी साफ संकेत दिए हैं कि वह किसी भी हमले का कड़ा जवाब देगा। ऐसे में पूरे क्षेत्र की नजर अब आने वाले घंटों और दिनों में दोनों देशों की अगली रणनीति पर टिकी हुई है।








