संवाददाता:- उमेश कुमार प्रजापति
सरगुजा जिले के बतौली थाना क्षेत्र में चरित्र शंका को लेकर हुए घरेलू विवाद ने एक व्यक्ति की जान ले ली। पुलिस ने हत्या के आरोप में मृतक की पत्नी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर दिया है। आरोपी के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त ईंट, पत्थर, लकड़ी का फाड़ी तथा घटना के समय पहने गए कपड़े भी बरामद कर जब्त कर लिए गए हैं।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम कदनई लोटाभावना निवासी सरोता मझवार ने थाना बतौली में सूचना दर्ज कराई कि 26 जून 2026 की रात उसके पिता नेतराम मझवार शराब पीकर घर लौटे थे। अगले दिन सूचना मिली कि नेतराम घर के आंगन में गंभीर अवस्था में पड़े हैं। परिजन उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बतौली लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मर्ग जांच, घटनास्थल निरीक्षण और गवाहों के बयान के आधार पर पुलिस ने पाया कि 26 जून की रात करीब 10 बजे नेतराम मझवार और उनकी पत्नी मानकुंवर के बीच चरित्र शंका को लेकर विवाद हुआ था। विवाद के दौरान गुस्से में आकर मानकुंवर ने ईंट, पत्थर और लकड़ी के फाड़ी से पति के सिर, माथे, चेहरे, कंधे और पीठ पर ताबड़तोड़ वार कर गंभीर चोटें पहुंचाईं, जिससे उसकी मौत हो गई।
सूचक की रिपोर्ट पर थाना बतौली में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) के तहत हत्या का मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी मानकुंवर (40 वर्ष), निवासी ग्राम कदनई लोटाभावना, थाना बतौली को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में आरोपी ने पति द्वारा लगातार चरित्र पर संदेह किए जाने से नाराज होकर हत्या करना स्वीकार कर लिया। आरोपी के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त ईंट, पत्थर, लकड़ी का फाड़ी और घटना के दौरान पहने गए कपड़े बरामद कर जब्त किए गए। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर दिया।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस पूरे मामले की विवेचना एवं कार्रवाई में उप निरीक्षक आभाष मिंज, प्रधान आरक्षक अनूप कुजूर, महिला प्रधान आरक्षक मेबिश खाका, आरक्षक राकेश एक्का, राजेश खलखो, राजू कुजूर, जोगी, महिला आरक्षक मेरी क्लोरेट एवं किरण तांडे की सक्रिय भूमिका रही।








