जांजगीर-चांपा संवाददाता – राजेन्द्र जायसवाल
जिला जांजगीर-चांपा ग्राम बिरगहनी स्थित जनकल्याण मानिकपुरी समाज कबीर धाम में सामाजिक सेवा एवं पर्यावरण संरक्षण के कार्यों में सक्रिय महतारी सेवा समिति मानिकपुरी समाज की महिलाओं ने अपनी सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की है। समिति ने आरोप लगाया है कि कुछ असामाजिक तत्व लगातार उनके सामाजिक कार्यों में बाधा उत्पन्न कर रहे हैं तथा महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार कर रहे हैं। इस संबंध में समिति ने पुलिस अधीक्षक से शिकायत कर दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग करने का निर्णय लिया है।
समिति की जिला अध्यक्ष श्रीमती रमशिला मानिकपुरी ने बताया कि कबीर धाम की लगभग 1.50 एकड़ भूमि पर समिति की महिलाओं द्वारा नियमित रूप से पौधरोपण, हल्दी की खेती, स्वच्छता अभियान, पर्यावरण संरक्षण तथा विभिन्न सामाजिक और धार्मिक गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। इन कार्यों का उद्देश्य समाज में जागरूकता फैलाना तथा महिलाओं को आत्मनिर्भर और संगठित बनाना है।
समिति का आरोप है कि ग्राम के सरपंच का पुत्र
एवं उसके कुछ साथी आए दिन शराब के नशे में कबीर धाम परिसर पहुंचकर महिलाओं के साथ अश्लील गाली-गलौज करते हैं, अभद्र भाषा का प्रयोग करते हैं तथा उनके कार्यों में जानबूझकर व्यवधान उत्पन्न करते हैं। महिलाओं का कहना है कि इस तरह की घटनाओं से उनके सम्मान, सुरक्षा और सामाजिक गतिविधियों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है तथा उनमें भय का वातावरण बन गया है।

समिति के पदाधिकारियों का कहना है कि यदि समय रहते प्रशासन ने हस्तक्षेप नहीं किया तो भविष्य में कोई गंभीर अप्रिय घटना घट सकती है। इसलिए पुलिस प्रशासन से मांग की गई है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपितों के विरुद्ध तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए, उन्हें कानून के अनुसार दंडित किया जाए तथा कबीर धाम परिसर में महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक पुलिस संरक्षण उपलब्ध कराया जाए।
महिलाओं ने यह भी कहा कि वे समाज सेवा और पर्यावरण संरक्षण जैसे जनहित के कार्य कर रही हैं, जिन्हें प्रोत्साहन मिलना चाहिए, लेकिन इसके विपरीत उन्हें लगातार मानसिक प्रताड़ना और भय का सामना करना पड़ रहा है। समिति ने प्रशासन से मांग की है कि महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए दोषियों के विरुद्ध सख्त एवं प्रभावी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
समिति ने स्पष्ट किया है कि यदि शिकायत के बाद भी उचित कार्रवाई नहीं होती और भविष्य में समिति की किसी भी महिला के साथ कोई अप्रिय घटना घटती है, तो इसकी संपूर्ण जिम्मेदारी संबंधित आरोपितों की होगी। समिति ने पुलिस अधीक्षक से शीघ्र हस्तक्षेप कर महिलाओं को न्याय एवं सुरक्षा प्रदान करने की अपील की है।







