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‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की कार्यशाला संपन्न ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ यह देश में एकता के भाव और सुदृढ़ करने के लिए पहला प्रयोग है – अजय जम्वाल

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सभी प्रदेश के वैभव और गौरव को बढ़ावा देना है – पवन साय

राष्ट्र का कोई भाग, कोई हिस्सा विकास के मामले में पीछे न रह जाए, इसीलिए उन्होंने पूरे भारत के विकास की बात की – सुशील सिंह

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक भारत श्रेष्ठ भारत की कल्पना रखी कि एक भारत श्रेष्ठ भारत होना चाहिए – संजय श्रीवास्तव

रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जम्वाल ने कहा है कि ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ यह देश में एकता के भाव और सुदृढ़ करने के लिए पहला प्रयोग है, जिसकी संकल्पना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दी। श्री जम्वाल ने इस संकल्पना को धरातल पर सार्थक परिणाम तक पहुँचाने और ‘राष्ट्र प्रथम’ के ध्येय वाक्य का स्मरण रखते हुए देश की सर्वतोमुखी प्रगति में प्राण-प्रण से जुटने का आह्वान कार्यकर्ताओं से किया। श्री जम्वाल शनिवार को यहाँ कुशाभाऊ ठाकरे परिसर स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय में ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ कार्यक्रम के परिप्रेक्ष्य में आहूत कार्यशाला को सम्बोधित कर रहे थे।

भाजपा क्षेत्रीय संगठन महामंत्री श्री जम्वाल ने कहा कि आज देश और प्रदेश में भाजपा के अनुकूल वातावरण है, अत: हम इस संकल्पना को साकार करने में कोई कसर न छोड़ें। श्री जम्वाल ने कहा कि केंद्र सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, नीतियों व कार्यक्रमों ने भाजपा के प्रति जन-विश्वास पैदा किया है, यह अनुकूलता निर्मित हुई है। इसके लिए भाजपा पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं व जनप्रतिनिधियों को और मेहनत करने की आवश्यकता है ताकि यह देश और भाजपा के प्रति विश्वास और मजबूत हो। श्री जम्वाल ने कहा कि जनता-जनार्दन समस्याओं का अध्ययन और निराकरण सही ढंग से हो, देश के सर्वांगीण विकास का विजन स्पष्टता के साथ लोगों तक पहुँचे, यह आवश्यक है ताकि देश का सब प्रकार से विकास किया जा सके और कठिनाइयों को दूर किया जा सके।

भाजपा क्षेत्रीय संगठन महामंत्री श्री जम्वाल ने कहा कि “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” भारत सरकार की एक पहल है, जिसका उद्देश्य देश के विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के बीच आपसी समझ और सांस्कृतिक एकीकरण को बढ़ावा देना है। यह कार्यक्रम 2015 में शुरू किया गया था। यह कार्यक्रम सभी स्कूलों में एक वार्षिक सांस्कृतिक उत्सव के रूप में आयोजित किया जाता है। “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” कार्यक्रम के तहत, प्रत्येक राज्य को किसी अन्य राज्य के साथ जोड़ा जाता है ताकि वे एक-दूसरे की संस्कृति, भाषा, भोजन, त्योहारों, पर्यटन आदि के बारे में जान सकें और उनका अनुभव कर सकें।

भाजपा प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय ने कार्यशाला को सम्बोधित करते हुए एक भारत श्रेष्ठ भारत को लेकर जानकारी ली और अवश्यक मार्गदर्शन दिया। श्री साय ने सभी कार्यकर्ताओं से आग्रह किया कि इस कार्यक्रम के लिए टीम बनाकर कार्य करना है। हमें सभी प्रदेश के वैभव और गौरव को बढ़ावा देना है। यज्ञ का लाभ प्रकृति के साथ साथ सभी जीवों को मिलता है, उसी तरह गौरवशाली इतिहास को जोड़कर आगे बढ़ाना है और इस देश को हमें आत्म निर्भर बनाना है।

पूर्व सांसद सुशील सिंह ने कार्यशाला को सम्बोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच के तहत एक भारत श्रेष्ठ भारत कार्यक्रम की रचना हुई है। यह सोच हमारे प्रधानमंत्री की है और इस संकल्प को हम सारे लोग पूरा करने का प्रयास कर रहे हैं। श्री सिंह ने कहा कि इसी सोच के तहत पूरे राष्ट्र का विकास किया जाना है। राष्ट्र का कोई भाग, कोई हिस्सा विकास के मामले में पीछे न रह जाए, इसीलिए उन्होंने पूरे भारत के विकास की बात की। इस दृष्टि से 115 जिलों का चयन किया जो विकास के मामले में बहुत पीछे है। अब इसी सोच के साथ बिहार के विकास की बात है और बिहार का विकास तभी संभव है, जब वहां डबल इंजन की सरकार रहेगी। बिहार के लोग देश के विभिन्न हिस्सों में, विभिन्न प्रांतो में विभिन्न शहरों में रहते हैं, ऐसा व्यावहारिक रूप में हम लोगों ने देखा। लेकिन, यह कम प्रतिशत है और इसलिए यह अभियान सफल बनाने के लिए आज यह महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई है।

भाजपा प्रदेश महामंत्री और ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ कार्यक्रम के प्रदेश संयोजक संजय श्रीवास्तव ने प्रारम्भ में प्रस्तावना रखते हुए कहा कि एक भारत श्रेष्ठ भारत की रूपरेखा की तैयारी की जानकारी ली और आगामी कार्य को लेकर चर्चा की है। यह कार्यक्रम अनेकता में एकता की भावना को बल देता है। श्री श्रीवास्तव ने कहा कि सरदार वल्लभ भाई पटेल…

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