Home चर्चा में पीएम श्री बालक रेजिडेंशियल स्कूल के अधीक्षक पर गंभीर आरोप, कर्मचारियों ने...

पीएम श्री बालक रेजिडेंशियल स्कूल के अधीक्षक पर गंभीर आरोप, कर्मचारियों ने की हटाने की मांग

5
0

बस्तर संवाददाता – अर्जुन झा

= कर्मचारियों ने अधीक्षक पर लगाए गंभीर आरोप =
भोपालपटनम। बीजापुर जिलें के भोपालपटनम ब्लॉक के पोटा केबिन पीएम श्री बालक रेजिडेंशियल स्कूल पगड़पल्ली के अधीक्षक अग्गी कामेश्वर के विरुद्ध गंभीर आरोप लगाते हुए, स्कूल के अनुदेशकों और चपरासियों ने भोपालपटनम भाजपा मंडल अध्यक्ष को लिखित शिकायत पत्र सौंपा है। इस शिकायत में अधीक्षक के खिलाफ प्रशासनिक अक्षमता, बच्चों की देखरेख में लापरवाही और कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
शिकायतकर्ताओं का कहना है कि अधीक्षक कामेश्वर न तो बच्चों के खानपान की समुचित व्यवस्था कर पा रहे हैं और न ही संस्था के संचालन में कोई रुचि ले रहे हैं। इससे बच्चों के भविष्य पर विपरीत असर पड़ने की आशंका जताई गई है। शिकायत पत्र में कहा गया है कि अग्गी कामेश्वर की उदासीनता और अनुचित व्यवहार के चलते संस्था का माहौल खराब हो गया है। यदि समय रहते उन्हें पद से नहीं हटाया गया, तो इसका दुष्प्रभाव बच्चों की शिक्षा और चरित्र निर्माण पर पड़ सकता है। सामूहिक शिकायत पत्र पर 12 अनुदेशकों और 8 चपरासियों के हस्ताक्षर हैं। इनमें अनुदेशक चंद्रप्रकाश झाड़ी, चिड़ेम कामेश्वर, चिड़ेम संजय, रामचंद्रम गोटे, पोट्टी राम जव्वा, राजना गांदरला, हनुमंत जनगम, लक्ष्मी नारायण टिंगे, दिनेश पूनम, वासुदेव मोरला, तीरथ पसपुल, सैंड्रा सुरेंद्र, भृत्य वल्वा सुधाकर, गोटे लक्ष्मैया, सुकराम पुनेम, टी. रमेश, राजू कुरसम, वादेश गोटा, संदीप पालदेव, दुयोदन मेटा आदि शामिल हैं। अनुदेशकों और चपरासियों ने यह भी मांग की है कि अग्गी कामेश्वर को तत्काल हटाकर किसी योग्य, संवेदनशील और सक्रिय अधीक्षक की नियुक्ति की जाए, जिससे आश्रम संस्था की व्यवस्था बेहतर हो सके। अब देखना यह होगा कि मंडल अध्यक्ष इस गंभीर प्रकरण पर क्या निर्णय लेते हैं और विभागीय स्तर पर क्या कार्रवाई होती है? यह मामला केवल एक कर्मचारी की शिकायत का नहीं, बल्कि संस्था के भविष्य और दर्जनों बच्चों की भलाई से भी जुड़ा है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here