कोरबा
छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक विधायक के प्रतिनिधि पर पुलिस चौकी के अंदर ही दबंगई दिखाने और पुलिसकर्मी के साथ मारपीट करने के गंभीर आरोप लगे हैं। यह पूरा घटनाक्रम रामपुर विधानसभा क्षेत्र से जुड़े कांग्रेस विधायक के प्रतिनिधि से संबंधित बताया जा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों पर काउंटर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
चौकी परिसर में बढ़ा विवाद
जानकारी के मुताबिक, घटना की जड़ 31 दिसंबर की रात बताई जा रही है। करतला थाना क्षेत्र में पदस्थ आरक्षक विकास कोसले ड्यूटी समाप्त कर अपने निवास रजगामार के ओमपुर कॉलोनी पहुंचे थे। इसी दौरान उनका रिश्तेदार राजेंद्र जांगड़े घबराई हुई हालत में उनके पास पहुंचा।
राजेंद्र का आरोप है कि विधायक प्रतिनिधि जयकिशन पटेल ने उसके साथ मारपीट की, जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया और जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद आरक्षक विकास, राजेंद्र को लेकर शिकायत दर्ज कराने रजगामार पुलिस चौकी पहुंचे।
शिकायत के दौरान फिर हुआ बवाल
बताया जा रहा है कि जब राजेंद्र पुलिस चौकी में आवेदन लिख रहा था, उसी दौरान विधायक प्रतिनिधि वहां पहुंचे और माहौल गरमा गया। आरोप है कि बीच-बचाव कर रहे आरक्षक विकास कोसले और राजेंद्र के साथ चौकी परिसर में ही धक्का-मुक्की और मारपीट हुई।
तीन मामलों में FIR दर्ज
पुलिस ने अब तक इस प्रकरण में कुल तीन अलग-अलग एफआईआर दर्ज की हैं—
आरक्षक विकास कोसले की शिकायत पर: पुलिसकर्मी के साथ अभद्रता और मारपीट के आरोप में विधायक प्रतिनिधि के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।
राजेंद्र जांगड़े की रिपोर्ट पर: मारपीट, गाली-गलौज और धमकी से जुड़ी धाराओं में दूसरी एफआईआर दर्ज हुई।
काउंटर केस: विधायक प्रतिनिधि जयकिशन पटेल ने भी पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है, जिसमें उन्होंने गांधी चौक के पास उनके साथ मारपीट और मोबाइल छीनने के प्रयास का आरोप लगाया है।
रसूख और कानून व्यवस्था पर सवाल
पुलिस चौकी के भीतर इस तरह की घटना सामने आने के बाद राजनीतिक रसूख और कानून व्यवस्था को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे हैं। रजगामार पुलिस चौकी का कहना है कि मामले में सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।









