विनीत पिल्लई/कोण्डागांव।
कोण्डागांव का ऐतिहासिक एवं पारंपरिक मड़ई मेला इस वर्ष 24 फरवरी से 01 मार्च 2025 तक पूरे गरिमामय रीति-रिवाजों के साथ आयोजित किया जाएगा। मेले के सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर मंगलवार को जिला कार्यालय के सभाकक्ष में कलेक्टर श्रीमती नूपुर राशि पन्ना और पुलिस अधीक्षक श्री पंकज चन्द्रा की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में सभी विभागों को स्पष्ट जिम्मेदारियां सौंपते हुए कलेक्टर ने कहा कि मेला न केवल सांस्कृतिक धरोहर है, बल्कि जिले की पहचान भी है—इसलिए आयोजन पारंपरिक स्वरूप में, सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से होना चाहिए। एसपी ने कानून-व्यवस्था, भीड़ प्रबंधन और आपातकालीन सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए।
यातायात व ध्वनि नियंत्रण पर सख्ती
बैठक में तय हुआ कि मेले के दौरान भारी वाहनों की आवाजाही बायपास मार्ग से होगी ताकि शहर में जाम की स्थिति न बने। मेला आयोजन रात्रि 10 बजे तक ही चलेगा और ध्वनि विस्तारक यंत्र भी उसी समय तक धीमी आवाज में संचालित होंगे। कोलाहल अधिनियम का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कार्यक्रमों का विस्तृत रोडमैप
23 फरवरी – रात्रि निशा जतरा (कड़ी सुरक्षा व्यवस्था)
24 फरवरी – देवी परिक्रमा मार्ग की विशेष साफ-सफाई एवं व्यवस्था
25 फरवरी – श्रद्धालुओं का एनसीसी ग्राउंड आगमन
26–28 फरवरी – सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भव्य आयोजन
25–28 फरवरी – एनसीसी ग्राउंड में विभिन्न विभागों की प्रदर्शनी
सांस्कृतिक कार्यक्रमों की व्यवस्था सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग को सौंपी गई है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा एंबुलेंस एवं चिकित्सकों की टीम तैनात रहेगी, जबकि पुलिस विभाग द्वारा कंट्रोल रूम एवं सहायता केंद्र स्थापित किया जाएगा।
पार्किंग एवं मूलभूत सुविधाएं
पार्किंग के लिए मंडी परिसर और किशोर टॉकीज के पास स्थान चिह्नित किए गए हैं, साथ ही एडवाइजरी जारी की जाएगी। बिजली, पेयजल, शौचालय, सफाई और बैरिकेडिंग की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए गए हैं।
बैठक में नगर पालिका अध्यक्ष नरपति पटेल, उपाध्यक्ष जसकेतु उसेण्डी, जनपद उपाध्यक्ष टोमेन्द्र ठाकुर, पार्षदगण, अपर कलेक्टर चित्रकांत चाली ठाकुर, नगर पालिका सीएमओ दिनेश डे, मेला आयोजन समिति के पदाधिकारी एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।







