बस्तर संवाददाता – अर्जुन झा
जगदलपुर। महारानी अस्पताल जिला चिकित्सालय जगदलपुर की सेवाओं को दुरुस्त करने सरकार संकल्पित है, किंतु प्रशासनिक व्यवस्था चुस्त नहीं होने से आम मरीजों को यहां परेशानी उठानी पड़ रही है।
महारानी जिला चिकित्सालय में सबसे ज्यादा तकलीफ हड्डी रोगों के मरीजों को होती है। मिली जानकारी के अनुसार अस्पताल में अस्थि रोग के कई विशेषज्ञ डॉक्टर मौजूद हैं, किंतु केवल एक ही डाक्टर के पास मरीजों की भीड़ लगी रहती है। भीड़ ऎसी कि जल्दबाजी के चक्कर में अक्सर मरीज उक्त डॉक्टर को अपनी बीमारी के बारे में पूरी जानकारी भी नहीं दे पाते हैं। ऐसे में मरीजों का समुचित इलाज नहीं हो पाता है। अगर नीयत दिन लगने वाली विशेषज्ञ डॉक्टरों की ड्यूटी को रोजाना पूरे समय उनके जूनियर के साथ लगाई जाए तो कई मरीज लाभान्वित होंगे,और भीड़ भी घटेगी। मरीजों को राहत पहुंचाने के लिए अस्पताल प्रशासन को तत्काल व्यवस्था में बदलाव करना चाहिए।

जगदलपुर। महारानी अस्पताल जिला चिकित्सालय जगदलपुर की सेवाओं को दुरुस्त करने सरकार संकल्पित है, किंतु प्रशासनिक व्यवस्था चुस्त नहीं होने से आम मरीजों को यहां परेशानी उठानी पड़ रही है।
महारानी जिला चिकित्सालय में सबसे ज्यादा तकलीफ हड्डी रोगों के मरीजों को होती है। मिली जानकारी के अनुसार अस्पताल में अस्थि रोग के कई विशेषज्ञ डॉक्टर मौजूद हैं, किंतु केवल एक ही डाक्टर के पास मरीजों की भीड़ लगी रहती है। भीड़ ऎसी कि जल्दबाजी के चक्कर में अक्सर मरीज उक्त डॉक्टर को अपनी बीमारी के बारे में पूरी जानकारी भी नहीं दे पाते हैं। ऐसे में मरीजों का समुचित इलाज नहीं हो पाता है। अगर नीयत दिन लगने वाली विशेषज्ञ डॉक्टरों की ड्यूटी को रोजाना पूरे समय उनके जूनियर के साथ लगाई जाए तो कई मरीज लाभान्वित होंगे,और भीड़ भी घटेगी। मरीजों को राहत पहुंचाने के लिए अस्पताल प्रशासन को तत्काल व्यवस्था में बदलाव करना चाहिए।







