उदयपुर संवाददाता – बृजेश चतुर्वेदी
केदमा (उदयपुर)
उदयपुर विकासखंड में बुधवार को आए भीषण आंधी-तूफान और बेमौसम बारिश ने भारी तबाही मचाई। तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ हुई बारिश से पूरे क्षेत्र का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। कई गांवों में पेड़-पौधे धराशायी हो गए, बिजली के तार टूट जाने से विद्युत व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो गई है और समाचार लिखे जाने तक कई इलाकों में बिजली बहाल नहीं हो सकी थी।
तूफान का सबसे ज्यादा असर ग्रामीण क्षेत्रों में देखने को मिला, जहां कई कच्चे मकानों और घरों के छप्पर तेज हवा में उड़ गए। बसवार निवासी कामेश्वर राम के घर की टीन शीट हवा में उड़कर सड़क पर जा गिरी, जिससे उनका घर पूरी तरह छतविहीन हो गया। इसके अलावा अन्य कई परिवारों के मकानों को भी नुकसान पहुंचा है।

भारी बारिश और आकाशीय बिजली गिरने की घटनाओं ने भी लोगों को भारी नुकसान पहुंचाया। उदयपुर क्षेत्र में आकाशीय बिजली की चपेट में आने से करीब 15 मवेशियों की मौत हो गई, जिससे पशुपालकों को आर्थिक क्षति का सामना करना पड़ रहा है।
वहीं तेज बारिश और तूफान के कारण बड़ेगांव एवं शायर मार्ग पर पेड़ गिर जाने से आवागमन बाधित हो गया। ग्रामीणों को आवाजाही में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। जंगलों में भी सैकड़ों की संख्या में पेड़-पौधे टूटकर गिर गए हैं।
अचानक आए इस प्राकृतिक कहर से पूरे उदयपुर ब्लॉक में लाखों रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है। प्रभावित ग्रामीणों ने शासन और प्रशासन से सर्वे कराकर शीघ्र मुआवजा एवं राहत सहायता प्रदान करने की मांग की है।








