महासमुंद संवाददाता – अब्दुल रफ़ीक खान
कोमाखान/महासमुंद। कोमाखान थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम कुसमी में सोमवार को ग्राम सभा की बैठक के दौरान अतिक्रमण हटाने के मुद्दे को लेकर दो पक्षों में विवाद हो गया। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि शराब के नशे में धुत एक युवक ने अपने दर्जन भर साथियों के साथ मिलकर लाठी-डंडों और घूंसों से ग्रामीणों पर जानलेवा हमला कर दिया। इस खूनी संघर्ष में पीड़ित राजकुमार उर्फ राजू पटेल के सिर, पीठ और हाथ पर गंभीर चोटें आई हैं, और हमले में उनका कुर्ता भी पूरी तरह फट गया। घटना से आक्रोशित होकर सैकड़ों ग्रामीणों ने कोमाखान थाने पहुंचकर आरोपियों के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई और तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर थाने का घेराव कर दिया।
ग्राम सभा में चल रही थी बैठक, अतिक्रमण की बात पर भड़का विवाद प्राप्त जानकारी के अनुसार, आज दिनांक 08 जून 2026 को ग्राम पंचायत भवन कुसमी में एक आधिकारिक ग्राम सभा मीटिंग आयोजित की गई थी, जिसमें गांव के लगभग 200 महिला-पुरुष उपस्थित थे। मीटिंग के दौरान जब गांव में हो रहे अवैध अतिक्रमण को हटाने की बात शुरू हुई, तब अतिक्रमण करने वाले लोग अचानक उग्र हो गए और हंगामा करने लगे।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, गांव का ही टिकमलाल निषाद (पिता राजकुमार निषाद) जो कि अत्यधिक शराब के नशे में था, बैठक में आकर अनाप-शनाप गालियां देने लगा। जब वहां मौजूद ग्रामीण राजकुमार उर्फ राजू पटेल ने उसे गाली-गलौज करने से मना किया, तो टिकमलाल और उसके साथी मारपीट पर उतारू हो गए।
एक राय होकर लात-घूंसों से किया जानलेवा हमला पीड़ित पक्ष द्वारा थाने में सौंपी गई लिखित शिकायत के अनुसार, गाली-गलौज का विरोध करने पर आरोपी टिकमलाल निषाद ने अपने साथी नंद कुमार निषाद, बिश्रात्री बाई निषाद, रमोशीला निषाद, खेलूराम निषाद, शिवम निषाद, राजकुमार निषाद और राजिम निषाद के साथ मिलकर एक राय होकर पीड़ित राजकुमार उर्फ राजू पटेल पर अचानक हमला बोल दिया। आरोपियों ने राजू पटेल को जमीन पर गिराकर हाथ, मुक्के और लातों से बेरहमी से पीटा, जिससे उनके सिर और पीठ पर गंभीर अंदरूनी व बाहरी चोटें आईं। बीच-बचाव करने आए ग्रामीण ओमप्रकाश ठाकुर और भोजराम पटेल को भी आरोपियों ने धक्का-मुक्की कर चोट पहुंचाई। इस पूरी हिंसक घटना को गांव के दिनेश पटेल, बलराम पटेल और केशवराम पटेल सहित सैकड़ों ग्रामीणों ने अपनी आंखों से देखा।

सैकड़ों ग्रामीणों ने किया थाने का घेराव, सुरक्षा और कार्रवाई की मांग घटना के तुरंत बाद कुसमी गांव के सैकड़ों आक्रोशित ग्रामीण, जिनमें बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल थीं, पीड़ित को लेकर कोमाखान थाना पहुंचे। ग्रामीणों ने आरोपियों की इस गुंडागर्दी के खिलाफ एकजुट होकर थाने के सामने प्रदर्शन किया और थाना प्रभारी को लिखित आवेदन सौंपकर नामजद आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की। ग्रामीणों का कहना है कि शासकीय बैठक में इस तरह की हिंसक वारदात से गांव का माहौल खराब हो रहा है और आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार किया जाना चाहिए।
कोमाखान पुलिस ने ग्रामीणों की लिखित शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया है और घायल पीड़ित को मुलाहिजा (अस्पताल) के लिए भेजकर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।






