बीजापुर संवाददाता – पुकार बाफना
बीजापुर 11 जून 2026- विकासखंड मुख्यालय भैरमगढ़ से 15 किलोमीटर दूर नियद नेल्लानार ग्राम पंचायत बांगोली के आश्रित ग्राम सतवा में आजीविका के नए अवसरों ने ग्रामीणों की जिंदगी में सकारात्मक बदलाव लाया है। पहले ग्रामीणों को दैनिक उपयोग की सामग्री खरीदने के लिए इंद्रावती नदी पार कर भैरमगढ़ या गीदम जाना पड़ता था, लेकिन अब गांव में ही आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं। नक्सल प्रभाव से मुक्त होने के बाद राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ के तहत जनपद पंचायत भैरमगढ़ द्वारा ग्राम सतवा में उसमुरिया स्व-सहायता समूह का गठन किया गया। समूह की महिलाओं को नियमित रूप से पंचसूत्र का पालन कराते हुए आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है।
इसी क्रम में समूह की सदस्य श्रीमती मनिता कुंवर ने बैंक लिंकेज के माध्यम से प्राप्त 50 हजार रुपये की सहायता राशि से गांव में सिलाई सेंटर एवं किराना दुकान की शुरुआत की। वर्तमान में वे दोनों गतिविधियों का सफलतापूर्वक संचालन कर रही हैं। श्रीमती मनिता कुंवर ने बताया कि उन्हें प्रतिदिन औसतन 500 से 700 रुपये की आय प्राप्त हो रही है, जिससे हर माह लगभग 10 से 15 हजार रुपये की शुद्ध बचत हो जाती है। उनके इस प्रयास से न केवल परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है, बल्कि गांव के लोगों को भी स्थानीय स्तर पर आवश्यक वस्तुएं और सिलाई संबंधी सेवाएं उपलब्ध होने लगी हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पहले छोटी-छोटी जरूरतों के लिए भैरमगढ़ या गीदम तक जाना पड़ता था, लेकिन अब गांव में ही सुविधाएं मिलने से समय और खर्च दोनों की बचत हो रही है। बिहान योजना के माध्यम से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की यह पहल क्षेत्र में ग्रामीण विकास और स्वरोजगार का प्रेरक उदाहरण बन रही है।








