रघुराज/रायपुर। राजधानी रायपुर में नगर निगम की बड़ी लापरवाही सामने आ रही है। नगर निगम द्वारा नालियों की सफाई का काम तो कराया जा रहा है, लेकिन नालियों से निकाला गया कचरा और कीचड़ सड़क किनारे ही छोड़ दिया जा रहा है। कचरे को उचित स्थान अथवा डंपिंग यार्ड तक नहीं पहुंचाए जाने के कारण आसपास के इलाकों में भारी गंदगी और तीव्र बदबू फैल रही है। इस स्थिति से स्थानीय निवासियों के साथ-साथ राहगीरों को भी भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
मानसून के इस मौसम में सड़क किनारे पड़े कचरे के ढेर बीमारियों को खुला आमंत्रण दे रहे हैं। खुले में पड़े कचरे और कीचड़ की वजह से कीटाणु तेजी से पनप रहे हैं। इसके साथ ही मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है, जिससे डेंगू, मलेरिया और अन्य संक्रामक बीमारियों के फैलने की आशंका काफी ज्यादा बढ़ गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर निगम नालियों की सफाई कराकर सराहनीय काम तो कर रहा है, लेकिन कचरे का उठान न होना इस पूरी कवायद पर पानी फेर रहा है।
इसके अलावा, सड़कों पर फैले इस कचरे और उसमें फेंकी गई सड़ी-गली सब्जियों पर लावारिस मवेशी भी मुंह मारते नजर आ रहे हैं। बरसात के दिनों में दूषित कचरा खाने से मवेशियों के स्वास्थ्य पर भी बुरा असर पड़ रहा है। राहगीरों का कहना है कि सड़क पर फैला कचरा और बदबू के कारण आवागमन बेहद मुश्किल हो गया है। जगह-जगह कचरा बिखरा होने से दुर्घटनाओं का खतरा भी बना रहता है।
स्थानीय निवासियों ने नगर निगम प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से मांग की है कि सफाई कार्य के तुरंत बाद नालियों से निकाले गए कचरे को गाड़ियों के जरिए तुरंत उठवाया जाए, ताकि क्षेत्र में स्वच्छता बनी रहे और संक्रामक बीमारियों का खतरा कम हो सके।







