राष्ट्रगीत वंदे मातरम पर जारी सियासी बवाल के बीच कांग्रेस वर्किंग कमेटी (CWC) ने इसके दो छंद ही गाने का प्रस्ताव पास किया है। संसद से पूरा वंदे मातरम गाने का बिल पास हो चुका है और कानून भी बन गया है। वहीं कांग्रेस वर्किंग कमेटी ने इसके दो ही पैरा गाने का फैसला लिया है। कांग्रेस के इस प्रस्ताव पर बीजेपी भड़क गई है। इस फैसले पर बीजेपी ने कांग्रेस को आज की नई मुस्लिम लीग (Muslim League) पार्टी करार दिया है। साथ ही संविधान का अपमान करने का आरोप लगाया है।
बता दें कि वंदे मातरम में कुल 6 छंद हैं। जबकि कांग्रेस का कहना है कि पार्टी 1937 में हुई कांग्रेस की बैठक में लिए गए फैसले को ही मानेगी। उसने हालिया कानून पर कड़ी आपत्ति जताई है। कांग्रेस का कहना है कि उनके लिए वंदे मातरम भावनात्मक मुद्दा है जबकि बीजेपी के लिए ये राजनीतिक मुद्दा है।
कांग्रेस के इस निर्णय पर बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन (Nitin Nabin) ने इसे संविधान का अपमान बताया है। नितिन नबीन ने कहा कि कांग्रेस ने अब अपने अपमान को एक प्रस्ताव की शक्ल दे दी है। उसकी कार्यसमिति ने तय किया है कि कांग्रेस के मंचों पर ‘वंदे मातरम्’ के केवल पहले दो छंद ही गाए जाएंगे। जब कुछ दिन पूर्व यही अपमान एक व्यक्ति के आचरण में उजागर हुआ था, तब कांग्रेस ने उसे संयोग बताकर टाल दिया था। आज वही अपमान कांग्रेस की नीति बन चुका है। भारत माता की इस पावन वंदना का अपमान उन हजारों बलिदानियों का तिरस्कार है, जिन्होंने इसी गीत को अपनी चेतना में रखकर राष्ट्र के लिए बलिदान दिया था। यह केवल एक राजनीतिक बचाव नहीं, बल्कि उस वोट बैंक की भूख का प्रमाण है, जिसके आगे कांग्रेस ने हर बार राष्ट्र के स्वाभिमान को गिरवी रखा है। कांग्रेस आज की नई मुस्लिम लीग बन गई है।
वहीं बीजेपी नेता और राज्यसभा सांसद सुधांशु त्रिवेदी (Sudhanshu Trivedi) ने कहा कि कांग्रेस ने साबित कर दिया है कि वो खुद को देश और संविधान से ऊपर मानती है। अपनी पार्टी के प्रस्ताव को संविधान के कानून से ऊपर मानती है। इसके साथ अब कांग्रेस ने इस अटकलों पर विराम लगा दिया है कि वो अब आज की नई मुस्लिम लीग बन गई है। वंदे मातरम को लेकर 1937 में मुस्लिम लीग की जो ज़िद थी, वही जिद आज संसद से पारित कानून के बाद कांग्रेस की वंदे मातरम को लेकर है।