-शासकीय सेवा के बदले प्रत्येक परिवार को मिलेगा 15 लाख रुपये का लाभ, सावधि जमा और बैंक खाते के माध्यम से होगी राशि प्रदान
बीजापुर, 10 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ शासन की नक्सलवादी आत्मसमर्पण/पीड़ित राहत पुनर्वास नीति 2025 के तहत नक्सली हिंसा में मृत आम नागरिकों के परिजनों को राहत एवं पुनर्वास प्रदान करने के उद्देश्य से आर्थिक सहायता स्वीकृत की गई है। जिला पुनर्वास समिति की बैठक में लिए गए निर्णय के उपरांत कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री विश्वदीप ने नक्सली हिंसा से प्रभावित तीन परिवारों के लिए कुल 45 लाख रुपये की आर्थिक सहायता राशि स्वीकृत की है।

स्वीकृत प्रकरणों के तहत प्रत्येक पीड़ित परिवार को 15-15 लाख रुपये का लाभ मिलेगा। थाना बासागुड़ा अंतर्गत मृतक स्वर्गीय चंद्रैया के निकटतम वारिस उनके पिता श्री मारा मोड़ियम, थाना मिरतुर अंतर्गत मृतक स्वर्गीय बंजाम सुधरू की निकटतम वारिस उनकी पत्नी श्रीमती रामबती बंजाम तथा थाना उसूर अंतर्गत मृतक स्वर्गीय गोपाल राव लेकाम की निकटतम वारिस उनकी पत्नी श्रीमती सुकली लेकाम को 15-15 लाख रुपये की सहायता राशि स्वीकृत की गई है।
सावधि जमा के साथ बैंक खाते में भी मिलेगी राशि
प्रथम प्रकरण में स्वीकृत 15 लाख रुपये में से लाभार्थी श्री मारा मोड़ियम को 4 लाख रुपये सावधि जमा तथा 1 लाख रुपये बैंक खाते के माध्यम से प्रदान किए जाएंगे। मृतक चंद्रैया मोड़ियम की पुत्री सरस्वती, पुत्र प्रवीण एवं पुत्र संतोष के लिए 8 लाख रुपये सावधि जमा तथा 2 लाख रुपये बैंक खातों में प्रदान किए जाएंगे।
इसी प्रकार दूसरे एवं तीसरे प्रकरण में प्रत्येक लाभार्थी को स्वीकृत 15 लाख रुपये में से 12 लाख रुपये सावधि जमा तथा 3 लाख रुपये बैंक खाते के माध्यम से प्रदान किए जाएंगे।
सावधि जमा की अवधि तीन वर्ष निर्धारित की गई है। जमा राशि पर प्राप्त ब्याज के आहरण की अनुमति भी रहेगी। इस सहायता का उद्देश्य नक्सली हिंसा से प्रभावित परिवारों को आर्थिक संबल प्रदान करने के साथ उनके पुनर्वास एवं भविष्य को सुरक्षित आधार उपलब्ध कराना है।
जिला प्रशासन द्वारा शासन की पुनर्वास नीति के प्रावधानों के तहत पात्र पीड़ित परिवारों को नियमानुसार राहत एवं सहायता उपलब्ध कराने की दिशा में निरंतर कार्य किया जा रहा है।







