कोरबा, 29 अक्टूबर 2026। दर्री-जमनीपाली क्षेत्र के युवाओं द्वारा छत्तीसगढ़ स्टेट पावर जनरेशन कंपनी लिमिटेड (CSPGCL), एचटीपीएस कोरबा पश्चिम के कार्यपालक निदेशक (ED) महोदय को क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं, फ्लाई ऐश डंपिंग एवं पर्यावरणीय समस्याओं के निराकरण के संबंध में ज्ञापन सौंपा गया।
ज्ञापन में युवाओं ने एचटीपीएस प्लांट एवं टाउनशिप में लगातार हो रही चोरियों, फ्लाई ऐश डंपिंग, गर्मी के मौसम में राखड़ उड़ने से होने वाले वायु प्रदूषण तथा आसपास के जलस्रोतों एवं कृषि भूमि पर पड़ने वाले संभावित दुष्प्रभावों पर चिंता व्यक्त की। साथ ही ग्राम नवागांव एवं मड़वामहुआ बस्ती के निकट स्थित राखड़ डंपिंग स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था, रिटेनिंग वॉल, तटबंध एवं उचित जल निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की गई।

युवाओं ने टाउनशिप के मध्य स्थित राखड़ डंप को हटाने अथवा आवासीय क्षेत्र से सुरक्षित दूरी पर व्यवस्थित करने, प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण कराने तथा संबंधित मामलों की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग भी रखी। इसके अतिरिक्त राखड़ बांध के आसपास वृक्षारोपण कराने, पर्यावरण संरक्षण सुनिश्चित करने, पुराने आवासीय क्वार्टरों के ध्वस्तीकरण से संबंधित मामलों की जांच तथा निर्माण कार्यों में स्थानीय युवाओं को नियमानुसार रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की मांग की गई।
ज्ञापन में यह भी कहा गया कि CSPGCL की CSR निधि का उपयोग स्थानीय निवासियों के स्वास्थ्य, स्वच्छता, पेयजल, पर्यावरण संरक्षण एवं अन्य आवश्यक सामुदायिक सुविधाओं के विकास के लिए पारदर्शी तरीके से किया जाना चाहिए।
युवाओं ने चेतावनी दी कि यदि इन समस्याओं का शीघ्र एवं उचित निराकरण नहीं किया गया, तो दर्री-जमनीपाली क्षेत्र के युवा जनहित में चरणबद्ध एवं लोकतांत्रिक आंदोलनात्मक कार्रवाई करने के लिए बाध्य होंगे।
ज्ञापन सौंपने का उद्देश्य क्षेत्र की जनता की समस्याओं को कंपनी प्रबंधन तक पहुँचाना तथा पर्यावरण संरक्षण, जनस्वास्थ्य और स्थानीय निवासियों के हित में ठोस कार्रवाई सुनिश्चित कराना है।
ज्ञापन सौंपने के दौरान उपस्थित युवा:
1. दिव्यांश अग्निहोत्री
2. योगेश जायसवाल
3. पुष्पेंद्र भारिया
4. किशोर साहू
5. विजय साहिस
6. भुवनेश्वर दुबे
7. नीरज यादव
8. मोनेश टंडन
9. एवं अन्य युवा बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
जारीकर्ता:
दर्री-जमनीपाली क्षेत्र के युवा
हमारी मांग है—क्षेत्र की समस्याओं का शीघ्र समाधान हो और पर्यावरण एवं जनहित की रक्षा सुनिश्चित की जाए।







