एमसीबी संवाददाता – हनुमान प्रसाद यादव
एमसीबी: जनकपुर वन परिक्षेत्र अंतर्गत आने वाले प्राथमिक लघु वनोपज सहकारी समिति घघरा, फड़ पटासी के फड़ मुंशी देवलाल बैगा पिता रंगू बैगा को सीजन वर्ष 2026 के फड़ मुंशी नियुक्ति आदेश प्रबंध संचालक मनेद्रगढ़ के अद्व हस्ताक्षर से जारी किया गया है। परंतु समिति प्रबंधक द्वारा पुराने फड़ मुंशी को फड़ संचालन हेतु समस्त रिकॉर्ड दे दिया गया है। जिससे नव नियुक्त फड़ मुंशी को तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य करने में बाधित होता है। क्योंकि समिति प्रबंधक द्वारा रिकॉर्ड ना देने से संग्रहण कार्य में कई तरह की कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। पूर्व फड़ मुंशी को रिकॉर्ड देकर जबरन फड़ में खरीदारी किए जाने से संग्रहक को तथा नवनियुक्त पद मुंशी को तेंदूपत्ता संग्रहण कार्य संपादन करने में परेशानी हो रही है। क्योंकि पूर्व फंड मुंशी द्वारा फड़ पर जाकर जबरन खरीददारी करता है यदि किसी प्रकार की अप्रिय घटना होती है तो संग्रहको की तेंदूपत्ता पारिश्रमिक भुगतान में भी कठिनाई होगी। जबकि देवलाल फड़ मुंशी के द्वारा प्रबंधक को लिखित में आवेदन रिकॉर्ड उपलब्ध कराने के लिए दिया गया। परंतु आज तक समिति प्रबंधक द्वारा रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं कराया गया है। नवनियुक्त फड़ मुंशी द्वारा रजिस्टर खरीद कर संग्राहकों की तेंदूपत्ता की खरीदी की जा रही है। ग्रामीण एवं समस्त संग्रहकों का कहना है कि जिसका आदेश है उसी से खरीददारी कराया जाए। जिससे हमारे तेंदूपत्ता की खरीददारी अच्छी से हो सके, और भुगतान में किसी प्रकार की गड़बड़ी न हो। कई बार जानकारी देने पर भी उच्च अधिकारियों द्वारा अभी तक संज्ञान ना लेते हुए पुराने फड मुंशी से खरीदारी करने में सहयोग किया जा रहा है। जिस वजह से रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है। संग्रहको का कहना है कि पुराना फड़ मुंशी के द्वारा तेंदूपत्ता सीजन वर्ष 2025 में कई कार्ड धारीयों का तेंदूपत्ता गड्डी कटौती कर अपने सगे संबंधियों के नाम पर चढ़ा लिया गया था। जब उनका पेमेंट खाते में आया तो पता चला कि कुछ राशि का कटौती कर लिया गया है। जिसकी शिकायत समिति एवं रेंज में किया गया, जांच के दौरान पुराने कई गलतियां सामने आया। जिससे प्रबंधक एवं पोशाक अधिकारी मिलकर कटौती की राशि दिलाया गया।

वही से ग्रामीण एकजुट होकर फड़ मुंशी को हटाने के लिए आवेदन समिति प्रबंधक, वन परिक्षेत्र अधिकारी एवं वन मंडलाधिकारी मनेद्रगढ़ को अवगत कराया गया। उपरोक्त आवेदन के आधार पर संचालक मंडल गांव में बैठक कर पुराना फड़ मुंशी रामफल को बदल कर प्रस्ताव देवलाल के नाम प्रस्तावित कर प्रस्ताव प्रबंध संचालक को भेजा गया। संचालक मंडल के प्रस्ताव के आधार पर देवलाल के नाम से आदेश जारी हो गया। तेंदूपत्ता सीजन वर्ष 2026 की खरीदी का समय नजदीक आते ही अतिरिक्त प्रभार पर पदस्थ समिति प्रबंधक द्वारा पुराना फड़ मुंशी को उप प्रबंध संचालक के कहने पर पटासी फड़ का समस्त रिकॉर्ड दे दिया गया। उप प्रबंध संचालक का कहना है कि पुराना फड़ मुंशी से ही तेंदूपत्ता खरीदी का कार्य कराया जाए। जिससे जबरदस्ती का खरीदारी की जा रही है। वही संग्रहको का कहना है कि फड़ में यदि सुधार नहीं आया, बिना आदेश खरीदारी करेगा । और हम लोगों का पुनः तेंदूपत्ता में कोई गड़बड़ी हुआ तो भरपाई उप प्रबंध संचालक करेंगे। यदि हमारे मांगों को अनसुना कर पूरा नहीं किया जाता और नए फड़मुंशी को रिकार्ड उपलब्ध नहीं कराया जाता है। तो हम समस्त संग्रहक वन परिक्षेत्र कार्यालय के समक्ष धरना पर बैठेंगे। जिसकी जवाब देही संबंधित अधिकारियों की होगी। तथा मुख्यमंत्री सुशासन तिहार समाधान शिविर में भी अपनी बातों को रखेंगे। वन विभाग में ग्रामीणों की समस्या और उच्च अधिकारियों के आदेश का पालन नहीं किया जाता है। हम बता दें कि इन्हें प्रबंध संचालक के आदेशों का पालन करने तक का डर नहीं हैं। अब देखना यह होगा कि संबंधित अधिकारियों द्वारा कब तक में नवनियुक्त फडमुंसी को तेंदूपत्ता संग्राहण कार्य कराए जाने हेतु रिकॉर्ड उपलब्ध कराया जाता है। या फिर वन विभाग में उच्च अधिकारियों का आदेश का कोई असर नहीं है। नाहीं पालन किया जाता।यह सिर्फ दिखावा है। कर्मचारी जो करेंगे वही मान्य होगा। जब चाहे आदेश जारी हो जाए ,जब चाहे तब हटा दिया जाए।मनेद्रगढ़ जिला यूनियन नियम, कानून, कायदा की धज्जियां उड़ा रही है।फड़ मुंशी संघ के उंगलियों में नाच रही जिला यूनियन, उनके कहने पर, जब चाहे जिसे फड़ मुंशी बना दें…








