गुरदीप सिंह –
कोरबा। एसईसीएल कुसमुंडा द्वारा आदर्श नगर स्थित ऊर्जा क्लब में 18 मई से 10 जून तक आयोजित किए जा रहे समर कैंप को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। आरोप है कि कैंप में केवल एसईसीएल अधिकारियों और कर्मचारियों के बच्चों को ही प्रवेश दिया गया है, जबकि आसपास के क्षेत्रों के अन्य बच्चों को इसमें शामिल होने का अवसर नहीं दिया गया।
समर कैंप में बच्चों के लिए फिटनेस एवं लर्निंग से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि इस प्रकार का आयोजन केवल एसईसीएल कर्मियों के बच्चों तक सीमित रखना उचित नहीं है। उनका आरोप है कि क्षेत्र के वे परिवार, जिन्होंने अपनी जमीन और संसाधन देकर इस औद्योगिक विकास में योगदान दिया है, उनके बच्चों को इस तरह के कार्यक्रमों से दूर रखना भेदभावपूर्ण रवैया दर्शाता है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि एक सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम के रूप में एसईसीएल की सामाजिक जिम्मेदारी केवल अपने कर्मचारियों तक सीमित नहीं है, बल्कि आसपास के प्रभावित क्षेत्रों के बच्चों के विकास और उत्थान की भी है। ऐसे में समर कैंप में स्थानीय बच्चों को शामिल नहीं किए जाने से लोगों में नाराजगी देखी जा रही है।
लोगों का यह भी मानना है कि इस प्रकार के आयोजनों में चयनात्मक भागीदारी से बच्चों के बीच भी भेदभाव की भावना पैदा हो सकती है, जो समाज के लिए उचित संदेश नहीं है। उन्होंने एसईसीएल प्रबंधन से इस संबंध में स्पष्ट जवाब देने और भविष्य में ऐसे आयोजनों को सभी बच्चों के लिए समान रूप से उपलब्ध कराने की मांग की है।
फिलहाल इस मामले में एसईसीएल प्रबंधन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। स्थानीय लोगों को अब प्रबंधन के जवाब और आगे की कार्रवाई का इंतजार है।








