संवाददाता उमेश कुमार प्रजापति सरगुजा बतौली प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के तहत विकासखंड बतौली के शासकीय विद्यालयों में मध्यान्ह भोजन तैयार करने वाली 234 रसोइयों का एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम बीआरसी भवन के सभाकक्ष में आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के दौरान रसोइयों को स्वच्छ, पौष्टिक एवं गुणवत्तापूर्ण मध्यान्ह भोजन तैयार करने के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई। अधिकारियों ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि भोजन बनाने में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और नियमों की अनदेखी करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी।
प्रशिक्षण में विकासखंड शिक्षा अधिकारी शरदचंद्र मेस्पाल एवं विकासखंड परियोजना अधिकारी उमेश गुप्ता ने रसोइयों को भोजन निर्माण से जुड़े सभी आवश्यक पहलुओं की जानकारी दी। उन्होंने विद्यालयों में बच्चों की संख्या अधिक होने की स्थिति में लकड़ी या अन्य ईंधन के बजाय एलपीजी गैस का उपयोग करने के लिए भी प्रेरित किया, ताकि भोजन समय पर, सुरक्षित और स्वच्छ तरीके से तैयार हो सके।

स्वच्छता पर दिया गया विशेष जोर
प्रशिक्षण के दौरान रसोइयों को व्यक्तिगत स्वच्छता के साथ-साथ रसोईघर एवं उसके आसपास की साफ-सफाई बनाए रखने के निर्देश दिए गए। भोजन बनाने से पहले बर्तनों की अच्छी तरह सफाई, मसालों के डिब्बों की स्वच्छता, खाद्य सामग्री के सुरक्षित रखरखाव तथा रसोई की नियमित सफाई के संबंध में विस्तार से जानकारी दी गई। अधिकारियों ने कहा कि स्वच्छता ही बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य की पहली शर्त है।
गर्म और पौष्टिक भोजन परोसने के निर्देश
रसोइयों को निर्देशित किया गया कि बच्चों को प्रतिदिन गर्म एवं पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जाए। भोजन वितरण के दौरान बच्चों को टाटपट्टी या बेंच पर व्यवस्थित ढंग से बैठाकर भोजन परोसने तथा स्वच्छ वातावरण में भोजन कराने पर भी विशेष जोर दिया गया।
मीनू के अनुसार ही बनेगा मध्यान्ह भोजन
प्रशिक्षण में प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों के लिए निर्धारित दैनिक मीनू के अनुसार ही मध्यान्ह भोजन तैयार करने के निर्देश दिए गए। रसोइयों को फोर्टीफाइड चावल की गुणवत्ता, उसकी सफाई एवं सही तरीके से पकाने की जानकारी दी गई। साथ ही सब्जियों को अच्छी तरह धोकर उपयोग करने तथा बरसात के मौसम में सोयाबीन बड़ी नहीं परोसने के निर्देश भी दिए गए। अधिकारियों ने कहा कि निर्धारित मानकों का पालन नहीं करने पर संबंधितों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में मास्टर ट्रेनर लव गुप्ता ने भी रसोइयों को मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता, पोषण, स्वच्छता एवं सुरक्षित भोजन निर्माण से जुड़े महत्वपूर्ण बिंदुओं पर मार्गदर्शन दिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में रसोइयों ने भाग लेकर प्रशिक्षण प्राप्त किया।








