राजीव गांधी चौक में दही-हांडी के लिए मटकी बांधते समय हुआ हादसा, गंभीर रूप से झुलसा युवक CIMS में भर्ती
संवाददाता : योगेन्द्र राठौर | बिलासपुर
बिलासपुर, 04 सितंबर 2026। जन्माष्टमी के पर्व को लेकर दही-हांडी कार्यक्रम की तैयारियों के बीच शुक्रवार को राजीव गांधी चौक में बड़ा हादसा हो गया। ऊंचाई पर मटकी बांधने के दौरान एक युवक पास से गुजर रहे हाईटेंशन बिजली तार की चपेट में आ गया। करंट लगने से युवक गंभीर रूप से झुलस गया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
मटकी बांधते समय हाईटेंशन तार के संपर्क में आया युवक
जानकारी के अनुसार, राजीव गांधी चौक में जन्माष्टमी के अवसर पर दही-हांडी कार्यक्रम की तैयारियां चल रही थीं। इसी दौरान एक युवक ऊंचाई पर चढ़कर मटकी बांध रहा था। बताया जा रहा है कि इसी दौरान वह पास से गुजर रहे हाईटेंशन बिजली तार के संपर्क में आ गया।
हाईटेंशन तार की चपेट में आते ही युवक करंट से झुलस गया और ऊंचाई पर ही फंस गया। अचानक हुए हादसे से कार्यक्रम स्थल पर मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया। स्थानीय लोगों ने तत्काल स्थिति संभाली और घायल युवक को नीचे उतारकर उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया।
घायल रेहान खान का CIMS में इलाज जारी
हादसे में घायल युवक की पहचान रेहान खान के रूप में बताई जा रही है। घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से उसे तत्काल उपचार के लिए सिम्स अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज जारी है। फिलहाल युवक की स्वास्थ्य स्थिति को लेकर विस्तृत चिकित्सकीय जानकारी सामने नहीं आई है।

मौके पर पहुंची पुलिस, जांच शुरू
घटना की सूचना मिलते ही सिविल लाइन थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटाई। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि दही-हांडी कार्यक्रम की तैयारियों के दौरान सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए गए थे या नहीं।
सार्वजनिक आयोजन की सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस घटना ने सार्वजनिक आयोजनों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। दही-हांडी जैसे आयोजनों में ऊंचाई पर काम करने के साथ ही आसपास मौजूद बिजली की हाईटेंशन लाइनों से विशेष सावधानी बरतना जरूरी होता है।
राजीव गांधी चौक में हुए इस हादसे ने एक बार फिर यह साफ किया है कि किसी भी सार्वजनिक आयोजन से पहले कार्यक्रम स्थल का सुरक्षा निरीक्षण किया जाना जरूरी है। आयोजकों और संबंधित विभागों को बिजली लाइनों, ऊंचाई तथा अन्य संभावित जोखिमों को चिन्हित कर आवश्यक सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करने चाहिए, ताकि उत्सव के दौरान किसी अप्रिय घटना की पुनरावृत्ति न हो।







