संवाददाता – निलेश सिंह
गौरेला:
नगर की प्रसिद्ध धार्मिक संस्था राधे मोहन रामायण समिति गौरेला के श्रद्धालुओं का दल आज पवित्र माँ नर्मदा की परिक्रमा के लिए रवाना हुआ। नगर पालिका परिषद गौरेला के अध्यक्ष श्री मुकेश दुबे एवं उपाध्यक्ष श्रीमती रोशनी तापस शर्मा ने हरी झंडी दिखाकर एवं पूजा-अर्चना कर यात्रा को रवाना किया। इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष मुकेश दुबे ने कहा कि नर्मदा परिक्रमा करना बड़े सौभाग्य की बात है। उन्होंने समिति के सभी सदस्यों की यात्रा के मंगलमय होने की कामना की। उपाध्यक्ष श्रीमती रोशनी तापस शर्मा ने सभी श्रद्धालुओं को तिलक लगाकर एवं मीठा खिलाकर शुभकामनाएं दीं।

यात्रा का विवरण
समिति के पदाधिकारियों ने जानकारी देते हुए बताया कि यह यात्रा कुल 13 दिनों की रहेगी। 42 श्रद्धालुओं का यह दल सबसे पहले अमरकंटक पहुँचेगा, जहाँ से माँ नर्मदा के उद्गम स्थल से संकल्प लेकर परिक्रमा प्रारंभ होगी। अमरकंटक से होते हुए यह जत्था मध्यप्रदेश से महाराष्ट्र और गुजरात के भरूच में नर्मदा के सागर संगम तक जाएगा और पुनः दूसरे तट से होते हुए वापस अमरकंटक में परिक्रमा पूर्ण करेगा।
यात्रा के दौरान श्रद्धालु ओंकारेश्वर, महेश्वर, नेमावर, गरुड़ेश्वर जैसे प्रमुख तीर्थ स्थलों के दर्शन भी करेंगे।
नर्मदा परिक्रमा का महत्व
धर्म ग्रंथों में माँ नर्मदा को मोक्षदायिनी कहा गया है। स्कंद पुराण में उल्लेख है कि गंगा में स्नान करने से जो पुण्य मिलता है, वह नर्मदा के दर्शन मात्र से मिल जाता है।

नर्मदा जी ही एकमात्र ऐसी नदी हैं जिनकी परिक्रमा की जाती है। लगभग 3,000 किलोमीटर की यह परिक्रमा जीवन के समस्त पापों को हरने वाली और सभी मनोकामनाओं को पूर्ण करने वाली मानी जाती है। मान्यता है कि स्वयं देवता तथा ऋषि-मुनि भी नर्मदा परिक्रमा करते हैं। इसे करने से व्यक्ति को अश्वमेध यज्ञ के समान फल की प्राप्ति होती है।
उपस्थितजन
इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष मुकेश दुबे, उपाध्यक्ष रोशनी तापस शर्मा, महिला मोर्चा ज़िलाध्यक्ष राखी सिंह गहलोत, कौशल मणि तिवारी, भगत मेथवानी, उमेश अग्रवाल, तापस शर्मा, शंकर सोनी, चन्द्रमोहन नामदेव, विकास केशरी, राजेश साहू, गोविंद सहाय, राकेश दुबे, मौसम ताम्रकर सहित रामायण समिति के सभी सदस्य, नगर पालिका के पार्षदगण एवं बड़ी संख्या में नगरवासी उपस्थित रहे।







