रायपुर संवाददाता – रघुराज
छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल चिंगरा पगार वॉटरफॉल में सत्ता के नशे में चूर नेताओं की गुंडागर्दी का एक शर्मनाक वीडियो सामने आया है। केंद्र और राज्य में भाजपा की सरकार होने के घमंड में डूबे दुर्ग जिले के भारतीय जनता युवा मोर्चा के कुछ पदाधिकारियों ने गरियाबंद के इस खूबसूरत जलप्रपात पर जमकर हंगामा काटा। दोपहर तीन बजे के बाद एंट्री बंद होने के बावजूद इन नेताओं ने सुरक्षा नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए जबरन अंदर घुसने की कोशिश की और जब स्थानीय ग्रामीणों और समिति के कर्मचारियों ने उन्हें रोकने का प्रयास किया तो वे सत्ता की धौंस दिखाने लगे।
सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे वीडियो में साफ़ दिख रहा है कि ये युवा नेता स्थानीय लोगों और ड्यूटी पर तैनात कर्मियों से अभद्र व्यवहार कर रहे हैं। वीडियो में एक भाजपा कार्यकर्ता बेहद आक्रामक अंदाज में कहता नजर आ रहा है कि हम भाजपा के लोग हैं, डरते नहीं हैं। इतना ही नहीं, इन नेताओं ने स्थानीय ग्रामीणों को गवार कहा और वीडियो रिकॉर्ड करने पर उन्हें डराने की कोशिश की। पीड़ित कर्मचारियों का आरोप है कि भाजयुमो नेताओं ने उन्हें उठवा लेने, जान से मारने और मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों को वर्दी उतरवा देने तक की गंभीर धमकियां दीं। बहस इतनी ज्यादा बढ़ गई कि नेताओं ने डंडों और पत्थरों से स्थानीय लड़कों पर हमला कर दिया, जिससे कुछ ग्रामीण घायल भी हुए हैं।
इस पूरी घटना पर गरियाबंद पुलिस ने बिना किसी राजनीतिक दबाव के बेहद सराहनीय और सख्त कदम उठाया है। पुलिस ने साफ कर दिया कि सरकार किसी की भी हो, कानून से ऊपर कोई नहीं है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की और हंगामा करने वाले दुर्ग भाजयुमो के पांच प्रमुख पदाधिकारियों को गिरफ्तार कर लिया। उनके खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा डालने, मारपीट करने और धमकी देने की धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस की इस निष्पक्ष कार्रवाई ने जनता को भरोसा दिलाया है कि कानून का राज हर नागरिक के लिए समान है और सत्ता का नशा किसी को भी अपराध करने का लाइसेंस नहीं देता।








